Ayodhya News: अयोध्या स्थित डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय के कौटिल्य प्रशासनिक भवन सभागार में माननीय कुलपति की अध्यक्षता में ‘सेवा संकल्प अभियान’ को लेकर संबद्ध महाविद्यालयों के प्राचार्यों के साथ एक महत्वपूर्ण ऑनलाइन बैठक आयोजित की गई. यह अभियान भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के उपलक्ष्य में 17 सितंबर से 7 अक्टूबर तक व्यापक स्तर पर संचालित किया जा रहा है.
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कुलपति ने क्या कहा?
बैठक की अध्यक्षता करते हुए माननीय कुलपति ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विजन देश को नई दिशा और युवा शक्ति को रचनात्मक ऊर्जा प्रदान कर रहा है. सेवा संकल्प अभियान राष्ट्र निर्माण और सामाजिक दायित्वों के प्रति समर्पण का प्रतीक है. इसके तहत ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम के अंतर्गत विश्वविद्यालय के मुख्य प्रशासनिक परिसर में 7600 दीप प्रज्वलित किए जाएंगे. साथ ही विश्वविद्यालय के मुख्य परिसर और संबद्ध सभी महाविद्यालयों के भवनों पर भी गरिमामय ढंग से दीप प्रज्वलन सुनिश्चित किया जाएगा.
भाषण प्रतियोगिताओं का त्रिस्तरीय आयोजन
कुलपति ने निर्देश दिए कि युवाओं में राष्ट्रीय चेतना जागृत करने के उद्देश्य से ‘मेरे सपनों का भारत विकसित भारत की संकल्पना’ विषय पर भाषण प्रतियोगिताओं का त्रिस्तरीय आयोजन किया जाएगा. महाविद्यालय स्तर पर प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कृत करते हुए जिला स्तरीय प्रतियोगिता के लिए भेजा जाएगा.
जिला वार निर्दिष्ट महाविद्यालयों में प्राचार्यों के निर्देशन व पर्यवेक्षण में जिला स्तरीय प्रतियोगिताएं होंगी. वहां से चयनित विजेता छात्र-छात्राएं विश्वविद्यालय स्तरीय मुख्य प्रतियोगिता में प्रतिभाग करेंगे. सभी सहभागियों को प्रमाण पत्र तथा विजेताओं को नकद पुरस्कार व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा. कुलपति ने इस अवसर पर युवाओं को जागरूक करने के लिए ‘नशामुक्त भारत अभियान’ में भी समस्त महाविद्यालयों की प्रभावी सहभागिता सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए.
कुलसचिव ने क्या कहा?
कुलसचिव विनय कुमार सिंह ने प्रशासनिक दिशा-निर्देश साझा करते हुए कहा कि जिला स्तरीय प्रतियोगिताएं संपन्न होने के बाद संबंधित महाविद्यालयों के प्राचार्य प्रतिभागियों एवं विजेताओं का विवरण, उपस्थिति पत्रक, फोटोग्राफ व आख्या निर्धारित प्रारूप पर 05 अक्टूबर 2026 तक विश्वविद्यालय को अनिवार्य रूप से उपलब्ध करा दें, जिससे विश्वविद्यालय स्तरीय फाइनल प्रतियोगिता का आयोजन सुचारु रूप से कराया जा सके.
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बैठक में राष्ट्रीय सेवा योजना के समन्वयक ने समस्त महाविद्यालयों को प्रेरित करते हुए स्पष्ट किया कि यह केवल एनएसएस या एनसीसी का कार्यक्रम नहीं है, बल्कि इसमें महाविद्यालयों के प्रत्येक शिक्षक, अधिकारी और विद्यार्थियों की सामूहिक भागीदारी अनिवार्य है. इस अवसर पर अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. नीलम पाठक, प्रो. शैलेंद्र कुमार वर्मा एन एस एस कोऑर्डिनेटर प्रो आशुतोष सिंह सहित महाविद्यालय के प्राचार्य शामिल रहे.


