UP Weather Update 17 August 2026: उत्तर प्रदेश में Ep सोमवार, 17 अगस्त 2026 को मानसून सक्रिय रहने वाला है. लखनऊ स्थित भारत मौसम विज्ञान विभाग के क्षेत्रीय मौसम केंद्र की मौसम बुलेटिन के अनुसार, प्रदेश के पश्चिमी और पूर्वी दोनों हिस्सों में बारिश और गरज-चमक का असर देखने को मिल सकता है. कई स्थानों पर बारिश के साथ तेज गरज और बिजली चमकने की संभावना है, जबकि कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है.
पश्चिमी यूपी में बारिश के साथ आंधी-बिजली
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए 17 अगस्त को कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ बारिश की बहुत संभावना बताई गई है. कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश भी हो सकती है. मौसम विभाग के चेतावनी मानचित्र में पश्चिमी हिस्से के कई जिलों को सतर्क रहने वाली श्रेणियों में रखा गया है. ऐसे में सहारनपुर, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, पीलीभीत, शाहजहांपुर और आसपास के इलाकों में मौसम के अचानक बदलने पर विशेष सावधानी जरूरी होगी.
पूर्वी यूपी में भी तेज बारिश का असर
पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी 17 अगस्त को कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ बारिश की बहुत संभावना है. कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है. मौसम विभाग के सात दिन के पूर्वानुमान में पूर्वी यूपी के लिए 17 और 18 अगस्त को भी बहुत भारी बारिश तथा गरज-चमक से जुड़ी चेतावनी दर्ज है.
लखनऊ और आसपास के इलाकों में भी मौसम काफी नम और बादलों से घिरा रह सकता है. IMD के लखनऊ एयरपोर्ट पूर्वानुमान में 17 अगस्त को अधिकतम तापमान करीब 29 डिग्री और न्यूनतम 25 डिग्री रहने का अनुमान है. यहां कुछ दौर की बारिश या गरज के साथ बौछारें और भारी बारिश की चेतावनी दी गई है.

किन इलाकों में ज्यादा असर संभव
मौसम केंद्र के बारिश पूर्वानुमान मानचित्र में प्रदेश के बड़े हिस्से को लगभग सभी स्थानों पर बारिश की संभावना वाली श्रेणी में दिखाया गया है. पश्चिमी और मध्य यूपी के कई जिलों में बारिश का दायरा व्यापक रह सकता है. वहीं पूर्वी यूपी के कुछ हिस्सों में भी अनेक स्थानों पर बारिश का अनुमान है. इसका मतलब यह है कि हर जिले में एक जैसी बारिश जरूरी नहीं है, लेकिन स्थानीय स्तर पर तेज बारिश और गरज-चमक का दौर अचानक बन सकता है.
क्या असर पड़ सकता है
भारी बारिश के कारण निचले इलाकों में पानी भरने, सड़कों पर जलजमाव और यातायात प्रभावित होने की स्थिति बन सकती है. तेज बारिश के दौरान दृश्यता कम हो सकती है. आंधी और बिजली चमकने की स्थिति में पेड़, कमजोर ढांचे और खुले स्थान जोखिम बढ़ा सकते हैं. किसानों के लिए भी खेतों में काम करते समय मौसम की चेतावनी पर ध्यान देना जरूरी है.
17 अगस्त को क्या सावधानी रखें
बारिश और बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान, खेत, तालाब और जलाशयों के आसपास जाने से बचें. आंधी के समय पेड़ या बिजली के खंभों के नीचे खड़े न हों. बहुत जरूरी न हो तो खराब मौसम के दौरान लंबी यात्रा टालना बेहतर रहेगा. वाहन चलाते समय पानी भरी सड़कों और कम दृश्यता वाले हिस्सों में गति नियंत्रित रखें. स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ताजा चेतावनी पर नजर बनाए रखें.
18 अगस्त के बाद क्या होगा
बुलेटिन के अनुसार 18 अगस्त को भी दोनों हिस्सों में बारिश का दौर जारी रह सकता है. पश्चिमी यूपी के लिए 18 अगस्त को भारी बारिश की चेतावनी है, जबकि पूर्वी यूपी में भारी से बहुत भारी बारिश और गरज-चमक की संभावना बनी हुई है. इसके बाद 19 अगस्त को पूर्वी यूपी में भारी बारिश की संभावना बताई गई है, जबकि 20 से 22 अगस्त के लिए दोनों क्षेत्रों में कोई चेतावनी दर्ज नहीं है.
Source: IMD Uttar Pradesh
FAQ
1. क्या 17 अगस्त को पूरे यूपी में बहुत भारी बारिश होगी?
नहीं. चेतावनी का मतलब पूरे प्रदेश में एक समान बहुत भारी बारिश नहीं है. IMD ने कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना बताई है.
2. क्या बारिश के साथ बिजली गिरने का खतरा भी है?
हां. 17 अगस्त को पश्चिमी और पूर्वी दोनों उत्तर प्रदेश में गरज-चमक और बिजली की गतिविधि की संभावना बताई गई है.
3. क्या लखनऊ में भी तेज बारिश हो सकती है?
हां. लखनऊ के लिए 17 अगस्त को बारिश या गरज के साथ बौछारों के साथ भारी बारिश की चेतावनी दर्ज है.
4. क्या बारिश के कारण यात्रा प्रभावित हो सकती है?
भारी बारिश होने पर जलजमाव, कम दृश्यता और यातायात की रफ्तार प्रभावित हो सकती है. यात्रा से पहले स्थानीय मौसम अपडेट देखना समझदारी होगी.
5. सबसे जरूरी सावधानी क्या है?
बिजली चमकने के दौरान खुले स्थानों से दूर रहें और बारिश के समय पेड़, बिजली के खंभे तथा कमजोर ढांचों के नीचे खड़े होने से बचें.


