Health Desk: गर्मियों में जैसे ही सूरज अपने तेवर दिखाने लगता है और पारा 40 डिग्री सेल्सियस के पार जाता है, उत्तर भारत समेत देश के कई हिस्सों में ‘लू’ (Heat Wave) का कहर शुरू हो जाता है. ऐसे में पुराने बुजुर्गों की एक सलाह अक्सर सुनने को मिलती है कि जेब में प्याज रखकर निकलो या खाने के साथ कच्चा प्याज खाओ.
लेकिन क्या यह महज एक लोककथा है या इसके पीछे कोई ठोस विज्ञान भी है? आज हम इस विशेष रिपोर्ट में जानेंगे कि आखिर क्यों आयुर्वेद से लेकर आधुनिक विज्ञान तक, गर्मियों में कच्चे प्याज को ‘सुपरफूड’ की श्रेणी में रखते हैं.
- लू के खिलाफ कुदरती ढाल
गर्मियों में कच्चा प्याज खाने का सबसे बड़ा फायदा इसका ‘कूलिंग इफेक्ट’ है. प्याज में प्रचुर मात्रा में पानी और वाष्पशील तेल होते हैं, जो शरीर के तापमान को नियंत्रित करने में मदद करते हैं. ग्रामीण इलाकों में आज भी माना जाता है कि प्याज का सेवन शरीर के भीतर एक ऐसी परत तैयार करता है जो बाहरी गर्म हवाओं के प्रभाव को कम कर देती है. - इम्युनिटी बढ़ाकर बीमारियों को रखता है दूर
तपती धूप में अक्सर हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर पड़ जाती है. प्याज में विटामिन C, फोलेट और पोटेशियम जैसे महत्वपूर्ण पोषक तत्व होते हैं. इसमें मौजूद ‘क्वेरसेटिन’ (Quercetin) नाम का एंटीऑक्सीडेंट शरीर में सूजन कम करने और इन्फेक्शन से लड़ने में मदद करता है. - पाचन तंत्र के लिए वरदान
गर्मियों में अक्सर लोगों को बदहजमी, गैस और कब्ज की शिकायत रहती है. कच्चे प्याज में फाइबर की अच्छी मात्रा होती है. यह ‘प्रीबायोटिक’ के रूप में काम करता है, जो पेट के अच्छे बैक्टीरिया को बढ़ाने में मदद करता है. यदि आप दोपहर के भोजन में सलाद के रूप में प्याज लेते हैं, तो यह भारी खाने को पचाने में भी सहायक होता है. - कोलेस्ट्रॉल और दिल की सेहत
रिसर्च बताती है कि नियमित रूप से कच्चा प्याज खाने से शरीर में ‘गुड कोलेस्ट्रॉल’ (HDL) का स्तर बढ़ता है. यह खून को पतला रखने में मदद करता है, जिससे गर्मी के कारण होने वाली घबराहट और ब्लड प्रेशर की समस्या में राहत मिलती है.
क्या कहते हैं विशेषज्ञ?
इस विषय पर Myupchar के डॉ. विवेक कुमार (एमबीबीएस, एमडी – इंटरनल मेडिसिन) का कहना है कि कच्चा प्याज गर्मियों में एक बेहतरीन इलेक्ट्रोलाइट बैलेंसर की तरह काम करता है. इसमें मौजूद सल्फर यौगिक और फ्लेवोनोइड्स न केवल शरीर को ठंडा रखते हैं, बल्कि यह एंटी-बैक्टीरियल गुण भी रखते हैं. धूप से आने के बाद यदि किसी को हल्का बुखार या सिरदर्द महसूस हो रहा है, तो प्याज का रस तलवों पर मलने से भी राहत मिलती है. जो लोग एसिडिटी या गंभीर गैस्ट्रिक समस्याओं से जूझ रहे हैं, उन्हें इसका सेवन सीमित मात्रा में करना चाहिए.
प्याज के अन्य चौंकाने वाले फायदे:
डायबिटीज में राहत: प्याज में क्रोमियम होता है, जो ब्लड शुगर लेवल को स्थिर रखने में मदद करता है.
बालों और त्वचा के लिए: इसमें मौजूद सल्फर कोलेजन के उत्पादन को बढ़ाता है, जिससे गर्मियों में होने वाली स्किन टैनिंग और बालों के झड़ने की समस्या कम हो सकती है.
सांस की समस्या: अगर गर्मी के कारण सांस लेने में भारीपन महसूस हो, तो प्याज का एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण राहत देता है.
सेवन का सही तरीका क्या है?
अक्सर लोग प्याज को काटकर घंटों खुला छोड़ देते हैं. विशेषज्ञों के अनुसार, प्याज को काटने के तुरंत बाद (15-20 मिनट के भीतर) खा लेना चाहिए. ऑक्सीडेशन के कारण देर तक कटा हुआ प्याज हानिकारक बैक्टीरिया को आकर्षित कर सकता है.
प्याज की तीखी गंध और जलन को कम करने के लिए इसे काटने के बाद कुछ देर ठंडे पानी में डुबोकर रखें और फिर उस पर नींबू और काला नमक छिड़क कर खाएं.
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सावधानी भी है जरूरी
भले ही प्याज के अनगिनत फायदे हैं, लेकिन अति हर चीज की बुरी होती है.
सांस की दुर्गंध: अधिक कच्चा प्याज खाने से मुंह से दुर्गंध आ सकती है, जिसे दूर करने के लिए आप बाद में सौंफ या इलायची ले सकते हैं.
जलन: कुछ लोगों को कच्चा प्याज खाने से सीने में जलन महसूस हो सकती है.
गर्भावस्था: गर्भवती महिलाओं को संतुलित मात्रा में ही इसका सेवन करना चाहिए.
गर्मियों के लिए प्याज किसी अमृत से कम नहीं है. यह सस्ता है, सुलभ है और स्वास्थ्यवर्धक गुणों से भरपूर है. तो अगली बार जब आप दोपहर के खाने की थाली सजाएं, तो उसमें कच्चे प्याज के दो-चार छल्ले जरूर रखें. यह सिर्फ स्वाद ही नहीं बढ़ाएगा बल्कि आपको भीषण गर्मी से लड़ने की ताकत भी देगा.
अस्वीकरण: यह रिपोर्ट सामान्य जानकारी पर आधारित है. किसी भी विशेष स्वास्थ्य स्थिति या डाइट में बदलाव से पहले अपने व्यक्तिगत चिकित्सक से परामर्श अवश्य लें.


