Weather Update 30 June 2026: देशभर में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है. एक तरफ दक्षिण-पश्चिम मानसून लगातार सक्रिय बना हुआ है, जिससे कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है. वहीं दूसरी ओर कुछ इलाकों में अभी भी गर्मी और हीटवेव का असर पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार 30 जून 2026, मंगलवार को उत्तर, मध्य, पूर्व, पश्चिम और दक्षिण भारत के कई हिस्सों में बारिश, आंधी, बिजली और तेज हवाओं का असर देखने को मिलेगा. पर्वतीय राज्यों में भी तेज बारिश के कारण भूस्खलन और अचानक जलभराव जैसी स्थिति बन सकती है.
मुख्य मौसम अपडेट
30 जून को देश के अधिकांश हिस्सों में मानसून सक्रिय रहेगा. उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, विदर्भ, महाराष्ट्र, गुजरात, केरल, कर्नाटक और पूर्वोत्तर राज्यों में अलग-अलग स्थानों पर हल्की से लेकर भारी बारिश की संभावना है.
इसके अलावा कई राज्यों में गरज-चमक, बिजली गिरने और 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी चेतावनी जारी की गई है.
इन राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार 30 जून को सबसे ज्यादा बारिश का असर निम्न क्षेत्रों में देखने को मिल सकता है.
- उत्तराखंड में कई स्थानों पर भारी बारिश, जबकि कुछ इलाकों में बहुत भारी बारिश की संभावना.
- हिमाचल प्रदेश में कई क्षेत्रों में भारी वर्षा का दौर जारी रह सकता है.
- पूर्वी उत्तर प्रदेश में भारी बारिश की संभावना.
- बिहार के कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान.
- झारखंड में 30 जून से बारिश की गतिविधियां तेज होने की संभावना.
- ओडिशा में भारी वर्षा का सिलसिला शुरू होने की संभावना.
- पश्चिम बंगाल के गंगा के मैदानी क्षेत्रों और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल एवं सिक्किम में कई स्थानों पर भारी बारिश.
- पूर्वी एवं पश्चिमी मध्य प्रदेश में भारी बारिश के साथ कुछ स्थानों पर बहुत भारी वर्षा का अनुमान.
- छत्तीसगढ़ में लगातार भारी बारिश का दौर बना रह सकता है.
- विदर्भ में भारी वर्षा की संभावना.
- कोंकण, गोवा और मध्य महाराष्ट्र में तेज बारिश जारी रहने के आसार.
- केरल, माहे, तटीय कर्नाटक, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक तथा तेलंगाना के कई हिस्सों में भारी बारिश का अलर्ट.
- अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी कई स्थानों पर भारी वर्षा की संभावना.
उत्तर भारत का मौसम
उत्तर भारत में मानसून की गतिविधियां धीरे-धीरे मजबूत हो रही हैं.
उत्तराखंड में 30 जून को व्यापक बारिश होने की संभावना है. कई स्थानों पर भारी वर्षा दर्ज हो सकती है. पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और सड़क बाधित होने का खतरा बना रहेगा.
हिमाचल प्रदेश में भी कई स्थानों पर बारिश होगी. कुछ इलाकों में भारी वर्षा के साथ गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं.
जम्मू-कश्मीर में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रह सकता है.
हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में 30 जून तक हीटवेव की स्थिति बने रहने की संभावना है. हालांकि कई स्थानों पर हल्की बारिश और बादलों की आवाजाही भी देखने को मिल सकती है. 1 जुलाई से बारिश की गतिविधियां बढ़ने के संकेत हैं.
पंजाब में भी कुछ स्थानों पर बारिश के साथ गरज-चमक की संभावना है.
उत्तर प्रदेश का मौसम
पूर्वी उत्तर प्रदेश में 30 जून को भारी बारिश की संभावना बनी हुई है. कई जिलों में गरज-चमक और बिजली गिरने का खतरा भी रहेगा.
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी बारिश का दायरा बढ़ेगा. कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश तथा कुछ इलाकों में भारी बारिश हो सकती है.
पूरे प्रदेश में 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक की तेज हवाएं चलने की संभावना है.
राजस्थान का मौसम
पूर्वी राजस्थान में कई स्थानों पर बारिश होने की संभावना है. कुछ इलाकों में भारी बारिश दर्ज हो सकती है.
पश्चिमी राजस्थान में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर तेज हवाएं चल सकती हैं. आने वाले दिनों में धूलभरी आंधी की गतिविधियां भी देखने को मिल सकती हैं.
पूर्वी राजस्थान में गरज-चमक के दौरान 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार वाली तेज हवाएं चलने की आशंका है.
मध्य भारत का मौसम
मध्य प्रदेश में मानसून पूरी तरह सक्रिय रहने की संभावना है. पूर्वी और पश्चिमी दोनों हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है. 2 से 4 जुलाई के दौरान कई क्षेत्रों में बहुत भारी वर्षा की संभावना भी बनी हुई है.
छत्तीसगढ़ में लगातार बारिश का दौर जारी रहेगा. अधिकांश जिलों में गरज-चमक के साथ वर्षा की संभावना है.
विदर्भ में भी भारी बारिश तथा तेज हवाओं का असर बना रहेगा.
पूर्वी भारत का मौसम
बिहार में कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है. नदियों के जलस्तर पर नजर रखने की जरूरत होगी.
झारखंड में 30 जून से बारिश तेज होने की संभावना है. कई जिलों में गरज-चमक और बिजली गिरने का खतरा रहेगा.
ओडिशा में मानसून की गतिविधियां बढ़ेंगी और कई स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है.
गंगा के मैदानी पश्चिम बंगाल तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल एवं सिक्किम में लगातार वर्षा का दौर बना रहेगा.
पूर्वोत्तर भारत का मौसम
अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में व्यापक बारिश जारी रहने की संभावना है.
कुछ क्षेत्रों में भारी बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव और पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की आशंका बनी रहेगी.
पश्चिम भारत का मौसम
कोंकण और गोवा में मानसून पूरी ताकत के साथ सक्रिय रहेगा. कई स्थानों पर भारी बारिश जारी रह सकती है.
मध्य महाराष्ट्र और गुजरात क्षेत्र में भी बारिश का दायरा बढ़ेगा. सौराष्ट्र और कच्छ में भी वर्षा की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है.
दक्षिण भारत का मौसम
केरल, माहे, तटीय कर्नाटक और लक्षद्वीप में लगातार अच्छी बारिश का दौर बना रहेगा.
तेलंगाना में कई स्थानों पर भारी वर्षा की संभावना है.
तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में भी अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है.
दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और रायलसीमा में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना बनी रहेगी.
आंधी, बिजली और तेज हवाओं का अलर्ट
30 जून को उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात, झारखंड, ओडिशा, बिहार, पश्चिम बंगाल, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश तथा अन्य कई राज्यों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है.
ऐसे मौसम के दौरान खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए.
हीटवेव का असर अभी भी बरकरार
मानसून के सक्रिय होने के बावजूद पूर्वी उत्तर प्रदेश में 29 जून तक तथा हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में 29-30 जून तक हीटवेव की स्थिति बने रहने की संभावना जताई गई है.
हालांकि उत्तर-पश्चिम भारत में अधिकतम तापमान में 4 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की धीरे-धीरे गिरावट 4 जुलाई तक दर्ज होने का अनुमान है.
महाराष्ट्र में 3 से 4 डिग्री तक तथा गुजरात और मध्य प्रदेश में भी आने वाले दिनों में तापमान में कमी आने की संभावना है.
मौसम का लोगों पर असर
लगातार बारिश वाले इलाकों में जलभराव, यातायात बाधित होने और नदियों-नालों का जलस्तर बढ़ने की आशंका रहेगी.
पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन और पत्थर गिरने का खतरा बढ़ सकता है.
तेज हवाओं और बिजली गिरने के कारण फसलों, पेड़ों और बिजली आपूर्ति पर असर पड़ सकता है.
जहां हीटवेव की स्थिति बनी हुई है वहां गर्मी से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा बना रहेगा.
लोगों के लिए जरूरी सावधानियां
- मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों पर लगातार नजर रखें.
- भारी बारिश के दौरान जलभराव वाले क्षेत्रों में जाने से बचें.
- नदी, नाले और पहाड़ी ढलानों के पास अनावश्यक आवाजाही न करें.
- गरज-चमक के समय खुले मैदान, ऊंचे पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें.
- तेज हवाओं के दौरान कमजोर निर्माण, होर्डिंग और पुराने पेड़ों के आसपास सावधानी बरतें.
- हीटवेव वाले क्षेत्रों में पर्याप्त पानी पिएं और दोपहर में अनावश्यक धूप से बचें.
- यात्रा पर निकलने से पहले स्थानीय मौसम अपडेट अवश्य देखें.
दिल्ली और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में हीटवेव का असर भी बना रह सकता
30 जून 2026, मंगलवार को देश के अधिकांश हिस्सों में मानसून का प्रभाव साफ दिखाई देगा. उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, बिहार, पूर्वी उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, केरल और पूर्वोत्तर भारत के कई राज्यों में भारी बारिश की संभावना बनी हुई है. वहीं हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में हीटवेव का असर भी बना रह सकता है. ऐसे में नागरिकों को स्थानीय प्रशासन और भारत मौसम विज्ञान विभाग द्वारा जारी ताजा मौसम बुलेटिन का पालन करते हुए सतर्क रहने की सलाह दी गई है.
स्रोत: भारत मौसम विज्ञान विभाग (India Meteorological Department – IMD), राष्ट्रीय मौसम पूर्वानुमान एवं चेतावनी बुलेटिन, जारी 29 जून 2026.
अब गांव की हर सड़क को मिलेगा यूनिक कोड, सरकार ने मांगे जनता से सुझाव
FAQs
Q1. 30 जून 2026 को किन राज्यों में भारी बारिश की सबसे ज्यादा संभावना है?
उत्तर: 30 जून को उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल, झारखंड, ओडिशा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, विदर्भ, कोंकण-गोवा, केरल, कर्नाटक और पूर्वोत्तर भारत के कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है.
Q2. क्या 30 जून को कहीं हीटवेव का असर भी रहेगा?
उत्तर: हां. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार 30 जून तक हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में कुछ स्थानों पर हीटवेव की स्थिति बनी रह सकती है. इसके बाद तापमान में धीरे-धीरे गिरावट आने की संभावना है.
Q3. किन राज्यों में आंधी, बिजली और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की गई है?
उत्तर: उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, गुजरात, महाराष्ट्र, झारखंड, ओडिशा, बिहार, पश्चिम बंगाल, हिमाचल प्रदेश, केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक और कई अन्य राज्यों में गरज-चमक, बिजली गिरने और 40 से 60 किमी प्रति घंटे तक की तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है.
Q4. खराब मौसम के दौरान लोगों को क्या सावधानी बरतनी चाहिए?
उत्तर: भारी बारिश के दौरान जलभराव वाले क्षेत्रों से बचें, गरज-चमक के समय खुले मैदान और पेड़ों के नीचे न रुकें, मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों पर नजर रखें और यात्रा से पहले स्थानीय मौसम अपडेट जरूर देखें.


