UP Weather Update 4 July 2026: उत्तर प्रदेश में मानसून अब पूरी तरह सक्रिय बना हुआ है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार 4 जुलाई से प्रदेश के पश्चिमी और पूर्वी दोनों हिस्सों में कई स्थानों पर बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें जारी रहने की संभावना है. कुछ इलाकों में भारी बारिश, तेज झोंकेदार हवाएं और वज्रपात की भी आशंका जताई गई है. मौसम विभाग का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक लोगों को मौसम में लगातार बदलाव देखने को मिल सकता है.
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4 जुलाई को कैसा रहेगा मौसम?
शनिवार 4 जुलाई को पश्चिमी उत्तर प्रदेश और पूर्वी उत्तर प्रदेश के अनेक स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है. मौसम विभाग ने दोनों क्षेत्रों के लिए कहीं-कहीं भारी बारिश की चेतावनी भी जारी की है. इसके साथ ही कुछ स्थानों पर मेघगर्जन और वज्रपात की स्थिति बन सकती है.
मौसम विभाग के अनुसार, बारिश के दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज झोंकेदार हवाएं भी चल सकती हैं. ऐसे में खुले स्थानों, पेड़ों और कमजोर संरचनाओं से दूर रहने की सलाह दी गई है.
अगले सात दिनों तक बना रहेगा बारिश का सिलसिला
IMD के पूर्वानुमान के मुताबिक 4 जुलाई से 8 जुलाई तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश और गरज-चमक का दौर जारी रहने की संभावना है.
- 4 जुलाई: अनेक स्थानों पर बारिश, कहीं-कहीं भारी बारिश और वज्रपात की संभावना.
- 5 जुलाई: पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश में कई स्थानों पर बारिश. कुछ जगहों पर भारी वर्षा हो सकती है.
- 6 जुलाई: प्रदेश के अनेक हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रहने का अनुमान. भारी वर्षा की संभावना बनी रहेगी.
- 7 जुलाई: कई जिलों में बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं. कुछ स्थानों पर भारी वर्षा संभव.
- 8 जुलाई: प्रदेश में बारिश जारी रहने की संभावना है, लेकिन मौसम संबंधी विशेष चेतावनी नहीं दी गई है.

लोगों के लिए क्या है सलाह?
बारिश और आंधी को देखते हुए मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है.
- गरज-चमक के दौरान खुले मैदानों में जाने से बचें.
- बिजली गिरने की आशंका होने पर पेड़ों के नीचे खड़े न हों.
- तेज हवा के समय कमजोर दीवारों, पुराने पेड़ों और बिजली के खंभों से दूरी बनाए रखें.
- यात्रा से पहले स्थानीय मौसम अपडेट जरूर देखें.
किसानों के लिए मौसम विभाग की अहम सलाह
मौसम विभाग ने कृषि क्षेत्र के लिए भी विशेष सलाह जारी की है.
भारी बारिश की संभावना को देखते हुए खेतों में जल निकासी की उचित व्यवस्था करने को कहा गया है ताकि फसलों में जलभराव न हो. धान की नर्सरी, मक्का, अरहर, मूंगफली, तिल, सब्जियों और केला जैसी फसलों में अतिरिक्त पानी निकालने की सलाह दी गई है.
तेज हवा की आशंका को देखते हुए पौधों को सहारा देने, खेतों में नमी का संतुलन बनाए रखने और आवश्यकता होने पर दोबारा बुवाई की तैयारी रखने की भी सलाह दी गई है. किसान बारिश के दौरान अनावश्यक कृषि कार्य करने से बचें और मौसम साफ होने के बाद ही खेतों में प्रवेश करें.
मानसून क्यों है सक्रिय?
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में मानसून की सक्रियता बढ़ी हुई है. इसी वजह से आगामी दिनों में वर्षा की गतिविधियां तेज बनी रह सकती हैं. लगातार बारिश के कारण कई इलाकों में तापमान में गिरावट आने और लोगों को उमस से राहत मिलने की संभावना है.
बारिश, गरज-चमक, वज्रपात और कहीं-कहीं भारी वर्षा की स्थिति
4 जुलाई 2026 से उत्तर प्रदेश में मानसून का असर और मजबूत रहने का अनुमान है. अगले कई दिनों तक प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बारिश, गरज-चमक, वज्रपात और कहीं-कहीं भारी वर्षा की स्थिति बन सकती है. ऐसे में आम लोगों और किसानों दोनों को मौसम विभाग की सलाह का पालन करते हुए सतर्क रहने की जरूरत है.
स्रोत: भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD), क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ. मध्यम अवधि मौसम पूर्वानुमान एवं उत्तर प्रदेश उप प्रभाग दैनिक मौसम पूर्वानुमान बुलेटिन (जारी दिनांक: 02 जुलाई 2026, समय: 11:30 बजे IST).
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FAQ
1. क्या 4 जुलाई 2026 को पूरे उत्तर प्रदेश में बारिश होगी?
मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश के अनेक स्थानों पर बारिश की संभावना है. हालांकि हर जिले में एक जैसी बारिश होना जरूरी नहीं है.
2. किन दिनों में भारी बारिश का सबसे ज्यादा खतरा है?
4 जुलाई से 7 जुलाई के बीच कई स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई गई है. स्थानीय मौसम अपडेट पर नजर रखना जरूरी है.
3. क्या तेज आंधी और बिजली गिरने का भी खतरा है?
हां. 4 जुलाई को कई इलाकों में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं, मेघगर्जन और वज्रपात की संभावना है.
4. किसानों को सबसे पहले क्या सावधानी बरतनी चाहिए?
खेतों से अतिरिक्त पानी निकालें, जलभराव न होने दें, तेज हवा में फसलों को सहारा दें और मौसम साफ होने के बाद ही आवश्यक कृषि कार्य करें.


