नई दिल्ली, 28 अगस्त 2026: नेपाल और तिब्बत में अचानक आई भीषण बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 472 हो गई है. इनमें नेपाल में 469 और पड़ोसी तिब्बत में 3 लोगों की मौत बताई गई है. आपदा के तीसरे दिन भी राहत और बचाव अभियान जारी है और प्रभावित इलाकों से शव बरामद किए जा रहे हैं.
नेपाल में पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां लापता लोगों की तलाश में जुटी हैं. इस अभियान में कुल 7,451 सुरक्षाकर्मी लगाए गए हैं, जिनमें नेपाल सेना के 2,391 जवान शामिल हैं.
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नेपाल के आठ जिलों से बरामद हुए शव
नेपाल पुलिस के बयान के अनुसार, बाढ़ प्रभावित आठ जिलों से शव बरामद किए गए हैं. सबसे ज्यादा शव चितवन से मिले हैं.
पुलिस के मुताबिक, चितवन से 178, नवलपरासी ईस्ट से 110, गोरखा से 44, नुवाकोट से 37 और धादिंग से 33 शव बरामद हुए हैं.
इसके अलावा तनहूं से 28, नवलपरासी वेस्ट से 27 और रसुवा से 12 शव मिलने की जानकारी दी गई है.
इन जिलों में बचाव टीमें लगातार प्रभावित क्षेत्रों में तलाश अभियान चला रही हैं. मलबे और बाढ़ से प्रभावित इलाकों में खोज अभियान के दौरान नए शव मिलने का सिलसिला जारी है.
1,545 लोगों को सुरक्षित निकाला गया
बाढ़ प्रभावित इलाकों से अब तक 1,545 घायल और फंसे हुए लोगों को सुरक्षित निकाले जाने की जानकारी दी गई है.
इनमें से 84 लोगों का इलाज काठमांडू के अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा है. राहत और बचाव के दौरान घायलों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के साथ चिकित्सा सहायता भी उपलब्ध कराई जा रही है.
बाढ़ से प्रभावित इलाकों में अभी भी कई लोग लापता बताए जा रहे हैं. ऐसे में बचाव एजेंसियों का मुख्य फोकस लापता लोगों का पता लगाने और फंसे हुए लोगों तक पहुंचने पर है.
तीसरे दिन भी Search and Rescue Operation जारी
आपदा के तीसरे दिन नेपाल में search and rescue operation जारी है. पुलिस के अनुसार, अभियान में बड़ी संख्या में सुरक्षाकर्मियों को लगाया गया है.
कुल 7,451 सुरक्षाकर्मी राहत एवं बचाव अभियान में जुटे हैं. इनमें नेपाल सेना के 2,391 जवान भी शामिल हैं. सुरक्षा बल प्रभावित इलाकों में राहत पहुंचाने, लोगों को सुरक्षित निकालने और लापता लोगों की तलाश में लगे हैं.
बाढ़ के बाद कई इलाकों में मलबा जमा होने के कारण खोज अभियान चुनौतीपूर्ण बना हुआ है. ऐसे स्थानों पर सुरक्षाकर्मियों को सावधानी के साथ तलाश अभियान चलाना पड़ रहा है.
परिजनों की बढ़ी चिंता
बाढ़ के बाद लापता लोगों के परिजन अपने रिश्तेदारों की तलाश को लेकर परेशान हैं. प्रभावित इलाकों में लगातार चल रहे rescue operation के बीच परिवारों को अपने प्रियजनों की स्थिति की जानकारी मिलने का इंतजार है.
शव मिलने और लोगों के सुरक्षित निकाले जाने का सिलसिला साथ-साथ जारी है. ऐसे में प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां लापता लोगों की पहचान तथा उनके ठिकाने की जानकारी जुटाने में लगी हैं.
नेपाल में सबसे ज्यादा मौतें
बताए गए आंकड़ों के अनुसार, इस आपदा में नेपाल में 469 लोगों की मौत हुई है, जबकि तिब्बत में तीन लोगों की जान गई है. इस तरह दोनों क्षेत्रों में मृतकों की कुल संख्या 472 पहुंच गई है.
नेपाल पुलिस ने अब तक आठ जिलों से शव बरामद किए जाने की जानकारी दी है. चितवन और नवलपरासी ईस्ट में सबसे ज्यादा शव मिलने की बात सामने आई है.
हालांकि, राहत और बचाव अभियान अभी जारी है और प्रभावित क्षेत्रों में तलाश का काम पूरा नहीं हुआ है. इसलिए आगे की कार्रवाई के दौरान आंकड़ों में बदलाव हो सकता है.
बचाव अभियान पर टिकी उम्मीद
बाढ़ प्रभावित इलाकों में तीसरे दिन भी search operation जारी रहने के बीच सुरक्षा बलों की बड़ी तैनाती की गई है. 7,451 सुरक्षाकर्मियों की मौजूदगी से राहत और बचाव प्रयासों को आगे बढ़ाया जा रहा है.
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फिलहाल प्राथमिकता लापता लोगों की तलाश, फंसे हुए लोगों को सुरक्षित निकालना और घायलों को इलाज उपलब्ध कराना है. प्रभावित परिवार अपने परिजनों की सुरक्षित वापसी की उम्मीद लगाए हुए हैं.
राहत और बचाव अभियान जारी है और प्रभावित जिलों से स्थिति की लगातार जानकारी जुटाई जा रही है.


