देश में डिजिटल शिक्षा को मजबूत बनाने के लिए शिक्षा मंत्रालय का DIKSHA (Digital Infrastructure for Knowledge Sharing) प्लेटफॉर्म लगातार अहम भूमिका निभा रहा है. वर्ष 2017 में शुरू किया गया यह प्लेटफॉर्म आज One Nation, One Digital Platform के रूप में देशभर के करोड़ों छात्रों और शिक्षकों को उच्च गुणवत्ता वाली डिजिटल शिक्षण सामग्री उपलब्ध करा रहा है.
DIKSHA, PM e-Vidya Initiative का एक प्रमुख हिस्सा है, जिसका उद्देश्य ऑनलाइन माध्यम से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सभी तक पहुंचाना है. इसे NCERT और CIET के सहयोग से विकसित किया गया है. यह प्लेटफॉर्म कक्षा 1 से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए विभिन्न बोर्डों और राज्यों के पाठ्यक्रम के अनुसार अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराता है.
क्या है DIKSHA Platform
DIKSHA एक ओपन-सोर्स डिजिटल लर्निंग प्लेटफॉर्म है, जहां छात्र और शिक्षक अपनी जरूरत के अनुसार डिजिटल कंटेंट, वीडियो, क्विज, वर्चुअल लैब, इंटरैक्टिव संसाधन और प्रशिक्षण कार्यक्रमों का लाभ उठा सकते हैं.
यह प्लेटफॉर्म Foundational Literacy and Numeracy (FLN) से लेकर वरिष्ठ माध्यमिक शिक्षा तक की सामग्री उपलब्ध कराता है और विभिन्न राज्यों की भाषाओं एवं पाठ्यक्रमों के अनुसार भी अनुकूलित किया जा सकता है.
छात्रों और शिक्षकों को मिलती हैं कई सुविधाएं
DIKSHA प्लेटफॉर्म पर आधुनिक तकनीक आधारित कई डिजिटल सुविधाएं उपलब्ध हैं.
- QR Code वाले Energised Textbooks.
- 2D और 3D Animation.
- Augmented Reality (AR) आधारित Learning.
- Virtual Labs.
- Simulation आधारित अध्ययन.
- Interactive Quiz.
- Competency Based Question Bank.
- Unlimited Practice Questions.
- Detailed Solutions.
- Teacher Guides.
- Chatbot Support.
- Digital Certificates.
- Teacher Professional Development Courses.
दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए भी विशेष सुविधा
DIKSHA को समावेशी शिक्षा को ध्यान में रखकर विकसित किया गया है.
दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए इसमें.
- DAISY Format.
- Text-to-Speech सुविधा.
- Indian Sign Language (ISL) Videos.
जैसी विशेष सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं.
बिना इंटरनेट भी कर सकते हैं पढ़ाई
DIKSHA प्लेटफॉर्म ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों मोड में उपलब्ध है.
विद्यार्थी पहले से कंटेंट डाउनलोड करके बिना इंटरनेट के भी अध्ययन कर सकते हैं. कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में Smart Classroom Boards पर भी DIKSHA का कंटेंट पहले से उपलब्ध कराया जाता है.
135 भाषाओं में उपलब्ध है प्लेटफॉर्म
राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप DIKSHA बहुभाषी शिक्षा को बढ़ावा देता है.
- कुल 135 भाषाओं का समर्थन.
- इनमें 128 भारतीय भाषाएं.
- 7 विदेशी भाषाएं.
- NCERT द्वारा कक्षा 1, 2, 3 और 6 की पुस्तकें 22 अनुसूचित भाषाओं में उपलब्ध.
शिक्षकों के लिए भी है बड़ा डिजिटल प्लेटफॉर्म
DIKSHA केवल विद्यार्थियों के लिए नहीं है. शिक्षकों के लिए इसमें.
- NISHTHA Training Programme.
- State Specific Teacher Professional Development Modules.
- Self-Paced Learning Courses.
- Certified Training Programmes.
भी उपलब्ध हैं, जिससे देशभर के शिक्षक अपनी पेशेवर क्षमता बढ़ा सकते हैं.
614 Virtual Labs और करोड़ों Learning Sessions
सरकार के अनुसार DIKSHA पर अब तक.
- 614 से अधिक Virtual Laboratories तैयार की जा चुकी हैं.
- 3.67 लाख से अधिक डिजिटल कंटेंट उपलब्ध हैं.
- 7,687 Energised Textbooks मौजूद हैं.
- 347 ऑनलाइन Courses उपलब्ध हैं.
DIKSHA के प्रमुख आंकड़े
27 जून 2026 तक उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार.
- Registered Users – 2.25 करोड़
- Daily Active Users – करीब 3 लाख
- Learning Sessions – 575.25 करोड़
- Learning Minutes – 6,691.82 करोड़
- Course Enrolments – 18.77 करोड़
- Course Completions – 14.82 करोड़
- Digital Certificates Issued – 12.79 करोड़
उत्तर प्रदेश में सबसे अधिक 26.80 लाख पंजीकृत उपयोगकर्ता हैं, जबकि गुजरात, बिहार, राजस्थान, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश भी प्रमुख राज्यों में शामिल हैं.
डिजिटल शिक्षा को मिल रही नई दिशा
DIKSHA प्लेटफॉर्म शिक्षा को अधिक सुलभ, समावेशी और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है. डिजिटल कंटेंट, बहुभाषी संसाधन, शिक्षक प्रशिक्षण और AI आधारित लर्निंग टूल्स के माध्यम से यह प्लेटफॉर्म देशभर के विद्यार्थियों और शिक्षकों के लिए एक मजबूत डिजिटल शिक्षा पारिस्थितिकी तंत्र तैयार कर रहा है.
Source: Ministry of Education


