देश के स्वास्थ्य ढांचे को और मजबूत बनाने की दिशा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बड़ा कदम उठाया है. प्रधानमंत्री ने चंडीगढ़ स्थित पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च (PGIMER) में Advanced Mother and Child Centre और Advanced Neurosciences Centre का उद्घाटन किया. इसके साथ ही उन्होंने प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन (PM-ABHIM) के तहत 150 बेड वाले अत्याधुनिक Critical Care Block की आधारशिला भी रखी.
इस अवसर पर पंजाब के राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे. पी. नड्डा, केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव और चंडीगढ़ से सांसद मनीष तिवारी भी मौजूद रहे.
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लाखों लोगों को मिलेगा आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ
प्रधानमंत्री ने कहा कि PGIMER में शुरू की गई नई स्वास्थ्य परियोजनाएं लाखों लोगों को बेहतर और समय पर उपचार उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी. उन्होंने वर्ष 2015 में PGIMER के अपने दौरे को याद करते हुए संस्थान की क्षमता में पिछले दशक के दौरान हुए उल्लेखनीय विस्तार की सराहना की और डॉक्टरों, शिक्षकों तथा कर्मचारियों को बधाई दी.
स्वास्थ्य सेवाओं में पिछले 12 वर्षों में आया बड़ा बदलाव
प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार का संकल्प रहा है कि देश का कोई भी नागरिक स्वास्थ्य सुविधाओं के अभाव में उपचार से वंचित न रहे. इसी लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए पिछले 12 वर्षों में स्वास्थ्य क्षेत्र में व्यापक सुधार किए गए हैं. उन्होंने कहा कि आज भारत चिकित्सा सहायता लेने वाला नहीं बल्कि दुनिया के कई देशों को स्वास्थ्य सेवाओं में सहयोग देने वाला देश बन चुका है और मेडिकल टूरिज्म का भी प्रमुख केंद्र बन रहा है.
AIIMS, मेडिकल कॉलेज और अस्पतालों का तेजी से विस्तार
प्रधानमंत्री ने बताया कि वर्ष 2014 के बाद देश में 15 नए AIIMS को मंजूरी दी गई है. इसके अलावा सैकड़ों नए मेडिकल कॉलेज स्थापित किए गए हैं और कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए विशेष अस्पतालों को मजबूत किया गया है. उन्होंने वर्ष 2022 में शुरू हुए होमी भाभा कैंसर अस्पताल का भी उल्लेख किया, जो अब हजारों मरीजों का उपचार कर रहा है.
आयुष्मान आरोग्य मंदिरों से मजबूत हुई प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं
प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार ने प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं को भी समान प्राथमिकता दी है. देशभर में 1.75 लाख से अधिक आयुष्मान आरोग्य मंदिर संचालित हो रहे हैं, जहां लोगों को व्यापक प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं. इन केंद्रों के माध्यम से उच्च रक्तचाप, मधुमेह और अन्य गैर-संचारी रोगों की करोड़ों लोगों की जांच की जा चुकी है.
डिजिटल हेल्थ और टेलीमेडिसिन से बदली इलाज की तस्वीर
प्रधानमंत्री ने कहा कि eSanjeevani प्लेटफॉर्म ने दूर-दराज के क्षेत्रों में विशेषज्ञ डॉक्टरों तक पहुंच आसान बनाई है. अब तक इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से 48 करोड़ से अधिक टेलीमेडिसिन परामर्श दिए जा चुके हैं, जिससे लाखों मरीजों को घर के पास ही विशेषज्ञ सलाह मिल रही है.
टीबी, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य में उल्लेखनीय सुधार
प्रधानमंत्री ने बताया कि देश में संस्थागत प्रसव अब 90 प्रतिशत से अधिक हो चुके हैं. मातृ मृत्यु दर और शिशु मृत्यु दर में भी उल्लेखनीय कमी आई है. उन्होंने कहा कि टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत जागरूकता, जांच और उपचार को बढ़ावा दिया जा रहा है. विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार पिछले दशक में भारत में टीबी संक्रमण की दर में 21 प्रतिशत की कमी आई है और उपचार कवरेज 90 प्रतिशत से अधिक हो चुका है.
PGIMER में जल्द शुरू होगा MBBS कॉलेज
प्रधानमंत्री ने चिकित्सा शिक्षा के विस्तार का भी उल्लेख किया. उन्होंने बताया कि मेडिकल कॉलेजों और MBBS सीटों की संख्या में रिकॉर्ड वृद्धि हुई है. साथ ही PGIMER चंडीगढ़ में MBBS कॉलेज खोलने की मंजूरी भी दे दी गई है, जहां जल्द ही प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है. इससे देश को अधिक प्रशिक्षित डॉक्टर मिलेंगे और स्वास्थ्य सेवाएं और मजबूत होंगी.
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने गिनाईं स्वास्थ्य क्षेत्र की उपलब्धियां
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे. पी. नड्डा ने कहा कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति 2017 ने देश में समग्र और समावेशी स्वास्थ्य व्यवस्था की मजबूत नींव रखी. उन्होंने बताया कि आज 90 करोड़ के करीब ABHA कार्ड बनाए जा चुके हैं और Ayushman Bharat Digital Mission दुनिया का सबसे बड़ा डिजिटल हेल्थ प्लेटफॉर्म बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है. उन्होंने यह भी बताया कि देश में मेडिकल कॉलेजों की संख्या 387 से बढ़कर 818 हो गई है और 75,000 नई मेडिकल सीटें जोड़ने की प्रक्रिया जारी है.
नई स्वास्थ्य परियोजनाओं से क्षेत्र को मिलेगा बड़ा लाभ
300 बेड वाला Advanced Mother and Child Centre उच्च जोखिम वाली गर्भावस्था, गंभीर रूप से बीमार नवजात शिशुओं और बच्चों को आधुनिक उपचार उपलब्ध कराएगा. वहीं Advanced Neurosciences Centre में न्यूरोलॉजी, न्यूरोसर्जरी, न्यूरो-क्रिटिकल केयर और आधुनिक डायग्नोस्टिक सेवाएं एक ही परिसर में उपलब्ध होंगी. इसके अलावा बनने वाला 150 बेड का Critical Care Block क्षेत्र की आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं और आपदा प्रबंधन क्षमता को भी मजबूत करेगा.
FAQs
1. प्रधानमंत्री ने PGIMER में किन परियोजनाओं का उद्घाटन किया?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने Advanced Mother and Child Centre और Advanced Neurosciences Centre का उद्घाटन किया तथा 150 बेड के Critical Care Block की आधारशिला रखी.
2. Critical Care Block किस योजना के तहत बनाया जाएगा?
यह ब्लॉक प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर मिशन (PM-ABHIM) के तहत बनाया जाएगा.
3. प्रधानमंत्री ने स्वास्थ्य क्षेत्र की कौन-सी प्रमुख उपलब्धियां बताईं?
उन्होंने नए AIIMS, मेडिकल कॉलेजों का विस्तार, आयुष्मान आरोग्य मंदिर, eSanjeevani, टीबी नियंत्रण और मातृ-शिशु स्वास्थ्य में सुधार का उल्लेख किया.
4. नई स्वास्थ्य सुविधाओं से क्या लाभ होगा?
इन परियोजनाओं से मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, न्यूरोलॉजी उपचार, आपातकालीन सेवाओं और चिकित्सा शिक्षा को बड़ी मजबूती मिलेगी.
Source: Ministry of Health and Family Welfare


