Raipur, August 23: इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय यानी IGKV में पेपर लीक मामले की जांच में बड़ा खुलासा हुआ है. पुलिस ने भारती एग्रीकल्चर कॉलेज, दुर्ग के प्रोफेसर योगेश सोनकेसरिया सहित छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है. पुलिस के मुताबिक योगेश सोनकेसरिया इस पूरे मामले का मुख्य आरोपी है.
आरोप है कि उसने B.Sc Agriculture सेकंड ईयर की परीक्षा का प्रश्नपत्र अपने कॉलेज के छात्रों को 11 हजार रुपये में बेच दिया. इसके बाद परीक्षा शुरू होने से पहले ही पेपर सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.
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परीक्षा से दो घंटे पहले ई-मेल पर लीक हुआ पेपर
मामला 20 अगस्त का है. B.Sc Agriculture सेकंड ईयर के कीट विज्ञान विषय की परीक्षा शुरू होने से करीब दो घंटे पहले प्रश्नपत्र ई-मेल के जरिए लीक हो गया.
पेपर लीक होने की जानकारी मिलने के बाद IGKV के परीक्षा प्रकोष्ठ प्रभारी डॉ. एन.आर. रंगारे ने तेलीबांधा थाने में शिकायत दर्ज कराई.
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और अलग-अलग टीमों को रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर और कबीरधाम समेत आसपास के जिलों में भेजा गया.
करीब 36 घंटे की जांच के बाद खुला मामला
पुलिस के मुताबिक जांच के दौरान दुर्ग निवासी अनुज मिंज से पूछताछ की गई. उससे मिली जानकारी के आधार पर पुलिस को पेपर लीक की कड़ी जोड़ने में मदद मिली.
करीब 36 घंटे की जांच के बाद पुलिस ने कथित तौर पर पेपर लीक के स्रोत और इसमें शामिल आरोपियों की पहचान कर ली.
इसके बाद छह आरोपियों को गिरफ्तार किया गया.
प्रोफेसर पर पेपर बेचने का आरोप
पुलिस के अनुसार, मामले का मुख्य आरोपी योगेश सोनकेसरिया वर्ष 2019 से भारती एग्रीकल्चर कॉलेज, दुर्ग में प्रोफेसर के पद पर कार्यरत है.
पुलिस का कहना है कि पिछले करीब एक साल से उसके पास कॉलेज की उत्तर पुस्तिकाएं जमा करने और आगामी परीक्षाओं के प्रश्नपत्र प्राप्त कर उन्हें कॉलेज ले जाने का काम था.
इसी दौरान उसके पास प्रश्नपत्र तक पहुंच बनी. पुलिस के मुताबिक उसने प्रश्नपत्र की सामग्री अपने कॉलेज में पढ़ने वाले छात्रों को 11 हजार रुपये में बेची.
आरोप है कि इसी के बाद परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.
मोबाइल और रिकॉर्डिंग डिवाइस बरामद
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से कई सामान बरामद किए हैं. इनमें 11 हजार रुपये नकद, छह मोबाइल फोन, वीडियो रिकॉर्डिंग डिवाइस, केबल तार और मोबाइल कनेक्टर शामिल हैं.
पुलिस अब बरामद सामान और आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर मामले की आगे जांच कर रही है.
दो आरोपी अभी भी फरार
पुलिस के मुताबिक पेपर लीक मामले में दो अन्य आरोपी अभी फरार हैं. उनकी तलाश के लिए जांच जारी है.
गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के जरिए पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि पेपर लीक की पूरी योजना में और कौन-कौन लोग शामिल थे और उनकी क्या भूमिका थी.
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एक और परीक्षा भी की गई रद्द
इस मामले के बीच विश्वविद्यालय प्रबंधन ने 7 अगस्त को आयोजित प्लांट पैथोलॉजी विषय की परीक्षा भी रद्द कर दी है.
पेपर लीक मामले में पुलिस की जांच जारी है और फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद इस पूरे नेटवर्क से जुड़े और खुलासे होने की उम्मीद है.


