UP Weather Update 31 August 2026: उत्तर प्रदेश में मानसून का असर बना हुआ है. भारत मौसम विज्ञान विभाग के लखनऊ केंद्र की दैनिक मौसम रिपोर्ट के अनुसार, पिछले 24 घंटों में दक्षिण-पश्चिम मानसून पूर्वी उत्तर प्रदेश में सक्रिय रहा, वहीं, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मानसून की स्थिति सामान्य रही. पूर्वी यूपी में कई स्थानों पर और पश्चिमी यूपी में कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई. पूर्वी उत्तर प्रदेश में एक-दो जगह अत्यधिक भारी बारिश भी दर्ज हुई.
31 अगस्त को दोनों हिस्सों में बारिश का दौर
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, सोमवार, 31 अगस्त को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं. वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी कुछ स्थानों पर बारिश और गरज-चमक की संभावना है. चेतावनी के लिहाज से पश्चिमी यूपी में कहीं-कहीं भारी बारिश और मेघगर्जन के साथ बिजली गिरने की संभावना जताई गई है. पूर्वी यूपी में स्थिति ज्यादा सक्रिय रहने की संभावना है और कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है.
इन जिलों में बारिश-बिजली की आशंका
30 अगस्त को जारी मौसम चेतावनी मानचित्र में पीले रंग से Watch, Be Updated श्रेणी वाले जिले दिखाए गए हैं. मानचित्र में इस श्रेणी में सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, हरदोई, बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, गोंडा, सिद्धार्थनगर, महाराजगंज, कुशीनगर, बस्ती, संत कबीर नगर, गोरखपुर, देवरिया, बाराबंकी, लखनऊ, उन्नाव, रायबरेली, अयोध्या, अंबेडकर नगर, अमेठी, सुल्तानपुर, आजमगढ़, मऊ, बलिया, गाजीपुर, जौनपुर, वाराणसी, चंदौली, मिर्जापुर, सोनभद्र, प्रयागराज, प्रतापगढ़, कौशांबी, फतेहपुर, बांदा, चित्रकूट, हमीरपुर, महोबा, झांसी और ललितपुर समेत कई जिले शामिल हैं. मानचित्र में कई जिलों के साथ बिजली गिरने का संकेत भी दिया गया है.
पूर्वी यूपी में ज्यादा सक्रिय रहेगा मौसम
आईएमडी के अनुसार 31 अगस्त को पूर्वी उत्तर प्रदेश में कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है. इसके साथ मेघगर्जन और आकाशीय बिजली का खतरा भी बना रहेगा. 31 अगस्त को पूर्वी यूपी के लिए Very Heavy Rain और Thunderstorm & Lightning की चेतावनी दर्ज है.
पश्चिमी यूपी में भी भारी बारिश का अलर्ट
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 31 अगस्त को कहीं-कहीं भारी बारिश और गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना है. इसके बाद 1 सितंबर को भी दोनों हिस्सों में भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है. 2 से 5 सितंबर तक भी पश्चिमी और पूर्वी यूपी में कहीं-कहीं भारी बारिश की संभावना बनी हुई है.
पहले भी कई इलाकों में हुई तेज बारिश
30 अगस्त की सुबह 8:30 बजे तक पिछले 24 घंटे में बांदा के बबेरू में 22 सेमी बारिश दर्ज हुई. नरैनी में 10 सेमी और अतर्रा में 8 सेमी बारिश हुई. बांदा, बदौसा, गोंडा सीडब्ल्यूसी, गोंडा सदर और पीलीभीत के बिसलपुर में 7-7 सेमी बारिश दर्ज की गई. खीरी के धौरहरा और सीतापुर के भटपुरवाघाट में 6-6 सेमी तथा सीतापुर के सिधौली, बांदा सीडब्ल्यूसी और बस्ती के हर्रैया में 5-5 सेमी बारिश हुई.
लखनऊ में कैसा रहेगा मौसम
राजधानी लखनऊ में 31 अगस्त की सुबह तक सामान्यतः बादल छाए रहने और कुछ दौर में बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है. अधिकतम तापमान करीब 34 डिग्री और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है.
बारिश का क्या असर पड़ सकता है
भारी बारिश वाले इलाकों में निचले क्षेत्रों में जलभराव, सड़क यातायात की रफ्तार प्रभावित होने और स्थानीय स्तर पर पानी जमा होने की स्थिति बन सकती है. तेज गरज-चमक के दौरान बिजली आपूर्ति और खुले में काम करने वाले लोगों को परेशानी हो सकती है. खेतों में काम करने वाले किसानों और सड़क से यात्रा करने वालों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है.
आकाशीय बिजली से ऐसे बचें
गरज-चमक सुनाई देने पर खुले खेत, ऊंचे पेड़, बिजली के खंभों और अकेली ऊंची संरचनाओं से दूर रहें. संभव हो तो सुरक्षित पक्की इमारत के भीतर रहें. बारिश के दौरान अनावश्यक रूप से बाइक या पैदल यात्रा से बचना बेहतर है. मौसम खराब होने पर स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग के ताजा अपडेट पर नजर रखें.
31 अगस्त के बाद भी जारी रह सकता है बारिश का सिलसिला
मौसम विभाग के सात दिवसीय पूर्वानुमान में 1 सितंबर को पूर्वी उत्तर प्रदेश में कई स्थानों पर बारिश की संभावना है. 2 से 5 सितंबर तक भी दोनों मौसम संभागों में कहीं-कहीं भारी बारिश की संभावना दर्ज की गई है. यानी 31 अगस्त के बाद भी यूपी में मानसूनी गतिविधियां पूरी तरह कमजोर होने के संकेत नहीं हैं.
FAQs
1. क्या 31 अगस्त को पूरे यूपी में भारी बारिश होगी?
नहीं. पूर्वानुमान स्थानीय स्तर पर बारिश का है. कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है, जबकि कई जगह हल्की बारिश या केवल गरज-चमक हो सकती है.
2. क्या पीले रंग वाले सभी जिलों में बहुत तेज बारिश होगी?
जरूरी नहीं. मानचित्र में पीला रंग Watch यानी अपडेट रहने की श्रेणी दर्शाता है. इसका अर्थ है कि मौसम की गतिविधियों पर नजर रखना जरूरी है.
3. बिजली चमकने पर सबसे बड़ी गलती क्या हो सकती है?
खुले मैदान, पेड़ के नीचे या बिजली के खंभे के पास खड़े रहना जोखिम बढ़ा सकता है. सुरक्षित इमारत में जाना बेहतर है.
4. क्या बारिश से उमस खत्म हो जाएगी?
जहां अच्छी बारिश होगी वहां कुछ समय के लिए गर्मी और उमस से राहत मिल सकती है. लेकिन बारिश रुकने के बाद नमी के कारण दोबारा उमस महसूस हो सकती है.
5. क्या 31 अगस्त के बाद मौसम साफ हो जाएगा? ऐसा नहीं है. आईएमडी के सात दिवसीय पूर्वानुमान में सितंबर के शुरुआती दिनों में भी बारिश की संभावना बनी हुई है.
Source: भारत मौसम विज्ञान विभाग, मौसम केंद्र लखनऊ


