Lucknow Elevated Road Project: राजधानी लखनऊ को ट्रैफिक जाम से राहत दिलाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए शासन ने हैदर कैनाल (हैदर नहर) के ऊपर 11 किलोमीटर लंबी फोरलेन एलिवेटेड रोड के निर्माण को मंजूरी दे दी है. मंजूरी मिलने के साथ ही वर्षों से लंबित इस महत्वाकांक्षी परियोजना का रास्ता साफ हो गया है. जल्द ही संबंधित विभाग टेंडर प्रक्रिया शुरू करेगा.
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ट्रैफिक का दबाव काफी कम होगा
यह एलिवेटेड रोड मोहान रोड से कालीदास मार्ग (सीएम आवास) तक बनाई जाएगी. परियोजना पूरी होने के बाद करीब 10 लाख लोगों को सीधा लाभ मिलेगा. इससे कालिदास मार्ग, विक्रमादित्य मार्ग, राजभवन, दिलकुशा, चारबाग और आसपास के इलाकों में ट्रैफिक का दबाव काफी कम होने की उम्मीद है.
फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार
करीब 600 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना का प्रस्ताव पिछले लगभग 30 वर्षों से लंबित था. वर्ष 1998 और 1999 में राइट्स (RITES) ने इसकी फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार की थी, लेकिन योजना आगे नहीं बढ़ सकी. अब शासन की प्रशासनिक और वित्तीय मंजूरी मिलने के बाद निर्माण कार्य का रास्ता साफ हो गया है.
कॉमर्शियल हब विकसित करने की योजना
परियोजना के तहत हैदर कैनाल के ऊपर एलिवेटेड रोड बनने के साथ-साथ कैनाल किनारे अतिक्रमण हटाया जाएगा. इसके बाद चारबाग और आसपास के क्षेत्र में कॉमर्शियल हब विकसित करने की भी योजना है. इसके लिए कैनाल किनारे रहने वाली 10 हजार से अधिक आबादी के पुनर्वास की प्रक्रिया भी शुरू की जाएगी.
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ट्रैफिक डायवर्जन प्लान भी तैयार
एलडीए के अनुसार, यह परियोजना आगरा एक्सप्रेसवे के पास विकसित की जा रही वरुण विहार आवासीय योजना को शहर के मुख्य हिस्से से जोड़ेगी. इसके बाद हजरतगंज से वरुण विहार तक का सफर मौजूदा 50 मिनट की बजाय करीब 20 मिनट में पूरा किया जा सकेगा. निर्माण कार्य शुरू होने से पहले ट्रैफिक व्यवस्था प्रभावित न हो, इसके लिए विस्तृत ट्रैफिक डायवर्जन प्लान भी तैयार किया जाएगा. शासन की मंजूरी के बाद अब इस बहुप्रतीक्षित परियोजना के जल्द धरातल पर उतरने की उम्मीद है.


