Varanasi Cricket Stadium: काशी में क्रिकेट और अध्यात्म का अनोखा संगम जल्द ही देखने को मिलने वाला है. बता दें कि गंजारी में बन रहा इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम अब अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच गया है. करीब 350 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हो रहे इस हाईटेक स्टेडियम का लगभग 95 फीसदी काम पूरा हो चुका है. सब कुछ तय योजना के मुताबिक रहा तो इसी साल दशहरा से पहले वाराणसी को इस शानदार स्टेडियम की सौगात मिल सकती है.
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इस स्टेडियम की सबसे खास बात सिर्फ इसकी आधुनिक सुविधाएं नहीं, बल्कि इसका डिजाइन है. यहां त्रिशूल, डमरू और बेलपत्र जैसे काशी की धार्मिक पहचान से जुड़े प्रतीकों को वास्तुकला का हिस्सा बनाया गया है. यानी क्रिकेट देखने आने वाले दर्शकों को खेल के रोमांच के साथ काशी की आध्यात्मिक पहचान का एहसास भी होगा.
अर्धचंद्राकार रूफटॉप और त्रिशूल वाली फ्लड लाइट
स्टेडियम के अंदर ग्राउंड और दर्शक दीर्घा का काम पूरा हो चुका है. इसके अलावा अर्धचंद्र के आकार का रूफटॉप और त्रिशूल के आकार वाली फ्लड लाइट भी तैयार हो चुकी हैं. अब सबसे ज्यादा ध्यान डमरू के आकार में बनाए जा रहे मीडिया सेंटर पर है. मीडिया सेंटर में फिलहाल ग्लास लगाने समेत कई फिनिशिंग का काम चल रहा है. इसे तैयार करने वाली कंपनी L&T ने 15 अक्टूबर तक इस काम को पूरा करने का लक्ष्य रखा है. वहीं स्टेडियम के बाहरी हिस्से का भी करीब 80 फीसदी काम पूरा हो चुका है. बाहरी सड़कों, पेंटिंग और अन्य फिनिशिंग का काम तेजी से चल रहा है.
डमरू जैसा मीडिया सेंटर बनेगा आकर्षण
प्रोजेक्ट डायरेक्टर सरोज शुक्ला के मुताबिक, निर्माण पूरा होने के बाद स्टेडियम को भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी BCCI को हैंडओवर किया जाएगा. उन्होंने बताया कि डमरू के आकार वाले मीडिया सेंटर में अभी ग्लास और दूसरे जरूरी काम किए जा रहे हैं. स्टेडियम के बाहर भी सड़क और पेंटिंग का काम जारी है. यानी अब निर्माण से ज्यादा फोकस स्टेडियम को अंतिम रूप देने पर है.
पहले ट्रायल मैच, फिर होंगे बड़े मुकाबले
स्टेडियम तैयार होने के बाद यहां ट्रायल मैच भी आयोजित किया जाएगा. इसके लिए नवंबर 2026 का समय संभावित बताया जा रहा है. ट्रायल मैच के दौरान स्टेडियम की व्यवस्थाओं को परखा जाएगा और अगर कहीं कोई कमी सामने आती है तो उसे दूर किया जाएगा. इसके बाद दिसंबर से यहां राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के क्रिकेट मुकाबले आयोजित किए जा सकेंगे.
32 हजार दर्शक एक साथ देख सकेंगे मैच
गंजारी का यह स्टेडियम फिलहाल करीब 32 हजार दर्शकों के बैठने की क्षमता वाला होगा. भविष्य में इसकी क्षमता बढ़ाकर करीब 40 हजार तक किए जाने की संभावना है. स्टेडियम में बड़ी पार्किंग व्यवस्था भी रखी गई है, ताकि मैच देखने आने वाले लोगों को वाहनों की पार्किंग को लेकर परेशानी न हो. इसकी एक और खासियत बारिश को लेकर बताई जा रही है. भारी बारिश के बाद भी करीब 30 मिनट में मैदान को दोबारा मैच के लिए तैयार किया जा सकेगा.
तीन साल में तैयार हुआ हाईटेक स्टेडियम
वाराणसी के गंजारी में इस स्टेडियम की आधारशिला अक्टूबर 2023 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रखी थी. अब करीब तीन साल के भीतर यह प्रोजेक्ट अपने अंतिम चरण में पहुंच चुका है. काशी की पहचान से जुड़े प्रतीकों के साथ तैयार हो रहा यह स्टेडियम आने वाले समय में सिर्फ क्रिकेट का मैदान नहीं रहेगा, बल्कि वाराणसी की संस्कृति, आधुनिकता और खेल के संगम की नई पहचान बन सकता है. अगर तय समय के मुताबिक काम पूरा हुआ, तो इस साल के अंत तक काशी में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का रोमांच देखने का रास्ता भी खुल जाएगा.
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