Rajasthan Weather Update 20 August 2026: राजस्थान में मौसम जल्द ही करवट लेने वाला है. प्रदेश के ज्यादातर जिलों को झमाझम भिगोने के बाद, राजस्थान में 20 अगस्त गुरुवार से मानसून की गतिविधियों में कमी आने के संकेत हैं. भारत मौसम विज्ञान विभाग के मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार वर्तमान में पूर्वी भारत के ऊपर बना अवदाब कमजोर होकर वेल मार्क लो प्रेशर एरिया में बदल चुका है. इसका एक परिसंचरण तंत्र उत्तर-पूर्वी राजस्थान और आसपास के क्षेत्रों के ऊपर बना हुआ है.
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक पश्चिमी राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में अगले एक सप्ताह मौसम मुख्यतः शुष्क रहने की संभावना है, वहीं, पूर्वी राजस्थान के कई हिस्सों में कमजोर मानसूनी परिस्थितियां बनी रह सकती हैं.
20 अगस्त को किन इलाकों में बारिश की संभावना
20 अगस्त के दैनिक वर्षा पूर्वानुमान में पूर्वी राजस्थान के जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर और उदयपुर संभागों में कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना जताई गई है. पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर और जोधपुर संभागों में भी कहीं-कहीं बारिश हो सकती है. पश्चिमी राजस्थान के बड़े हिस्से में मौसम शुष्क रहने की संभावना बनी हुई है.
मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार पूर्वी राजस्थान में 20 अगस्त को गरज-चमक और वज्रपात जैसी गतिविधियां भी हो सकती हैं. IMD के उप-विभागीय चेतावनी पूर्वानुमान में 20 अगस्त को पूर्वी राजस्थान के लिए मेघगर्जन और वज्रपात की चेतावनी है, वहीं, पश्चिमी राजस्थान के लिए इस दिन कोई चेतावनी नहीं दी गई है.
बारिश वाले जिलों के नाम
जिन जिलों में बारिश की संभावना बताई गई है, उनमें श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू, झुंझुनूं, सीकर, जयपुर, अलवर, दौसा, भरतपुर, धौलपुर, करौली, सवाई माधोपुर, टोंक, बूंदी, कोटा, बारां, झालावाड़, अजमेर, भीलवाड़ा, राजसमंद, पाली, जालोर, सिरोही, उदयपुर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, प्रतापगढ़ और चित्तौड़गढ़ सहित कई जिले शामिल हैं.
21 से 25 अगस्त तक क्या संकेत हैं
21 अगस्त को भी जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर और उदयपुर संभागों में कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना बनी हुई है. वहीं बीकानेर और जोधपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश हो सकती है. मौसम केंद्र के पूर्वानुमान के अनुसार 21 से 23 अगस्त के बीच गंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू और आसपास के क्षेत्रों में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है.
22 अगस्त को पूर्वी राजस्थान के जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर और उदयपुर संभागों में कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना है, वहीं, पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर और जोधपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश हो सकती है. 23 और 24 अगस्त को भरतपुर, कोटा और उदयपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश की संभावना बताई गई है, बीकानेर और जोधपुर संभागों में भी कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है. 25 अगस्त को पूर्वी राजस्थान के भरतपुर, कोटा और उदयपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश की संभावना है, वहीं, पश्चिमी राजस्थान में मौसम मुख्यतः शुष्क रहने का अनुमान है.
पश्चिमी राजस्थान में राहत
जोधपुर और बीकानेर संभाग के अधिकांश हिस्सों में अगले एक सप्ताह मौसम मुख्यतः शुष्क रहने की संभावना है. गंगानगर, हनुमानगढ़ और चूरू तथा आसपास के क्षेत्रों में 21 से 23 अगस्त के दौरान कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है. इसका मतलब यह है कि पश्चिमी राजस्थान में मानसून पूरी तरह सक्रिय रहने के बजाय सीमित और स्थानीय प्रभाव दिखा सकता है.
पूर्वी राजस्थान में कमजोर मानसून का असर
उदयपुर, कोटा और अजमेर संभागों के अधिकांश हिस्सों में भी अगले एक सप्ताह कमजोर मानसूनी परिस्थितियां रहने की प्रबल संभावना है. इसके बावजूद उत्तरी और उत्तर-पूर्वी राजस्थान के भरतपुर तथा जयपुर संभाग और शेखावाटी क्षेत्र के जिलों में 20 से 23 अगस्त के बीच कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है. ऐसे में एक ही जिले के अलग-अलग हिस्सों में मौसम का मिजाज अलग रह सकता है.
बारिश का आम लोगों पर क्या असर पड़ सकता है
जहां बारिश होगी, वहां उमस और गर्मी से अस्थायी राहत मिल सकती है. स्थानीय स्तर पर सड़कों पर पानी जमा होने, निचले इलाकों में जलभराव और यातायात की गति प्रभावित होने जैसी स्थिति बन सकती है. गरज-चमक के दौरान बिजली के उपकरणों पर असर पड़ने तथा खुले स्थानों पर मौजूद लोगों के लिए जोखिम बढ़ सकता है. किसानों के लिए स्थानीय बारिश मिट्टी में नमी बनाए रखने में मदद कर सकती है, लेकिन खेतों में पहले से पर्याप्त नमी होने पर अतिरिक्त पानी की निकासी का ध्यान रखना जरूरी रहेगा.
लोगों को क्या सावधानी रखनी चाहिए
गरज-चमक के दौरान खुले मैदान, पेड़, बिजली के खंभों और ऊंची संरचनाओं से दूरी बनाए रखें. बारिश के समय अनावश्यक रूप से लंबी दूरी की यात्रा करने से बचें और जलभराव वाले रास्तों पर वाहन न ले जाएं. किसान स्थानीय मौसम अपडेट देखकर खेतों में सिंचाई और अन्य कृषि गतिविधियों की योजना बनाएं. बिजली चमकने की स्थिति में मोबाइल या इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के इस्तेमाल में सावधानी रखें और स्थानीय प्रशासन तथा मौसम विभाग के ताजा अलर्ट पर नजर बनाए रखें.
20 अगस्त का सार
| तारीख | पूर्वी राजस्थान | पश्चिमी राजस्थान |
|---|---|---|
| 20 अगस्त | जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर, उदयपुर संभागों में कुछ स्थानों पर बारिश | बीकानेर, जोधपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश |
| 21 अगस्त | जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर, उदयपुर संभागों में कुछ स्थानों पर बारिश | बीकानेर, जोधपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश |
| 22 अगस्त | जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर, उदयपुर संभागों में कुछ स्थानों पर बारिश | बीकानेर, जोधपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश |
| 23 अगस्त | भरतपुर, कोटा, उदयपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश | बीकानेर, जोधपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश |
| 24 अगस्त | भरतपुर, कोटा, उदयपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश | बीकानेर, जोधपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश |
| 25 अगस्त | भरतपुर, कोटा, उदयपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश | मुख्यतः शुष्क मौसम |
Source: IMD Jaipur
FAQ
1. क्या 20 अगस्त को पूरे राजस्थान में बारिश होगी?
नहीं. पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में बारिश की संभावना है, जबकि पश्चिमी राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में मौसम मुख्यतः शुष्क रहने का अनुमान है.
2. क्या जयपुर में 20 अगस्त को बारिश हो सकती है?
हां. दैनिक पूर्वानुमान में जयपुर संभाग के कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना बताई गई है.
3. क्या पश्चिमी राजस्थान में भी बारिश होगी?
बीकानेर और जोधपुर संभागों में 20 अगस्त को कहीं-कहीं बारिश हो सकती है, लेकिन अधिकांश पश्चिमी राजस्थान में मौसम शुष्क रहने की संभावना है.
4. क्या 20 अगस्त को आंधी और बिजली गिरने का खतरा है?
पूर्वी राजस्थान के लिए 20 अगस्त को गरज-चमक और वज्रपात से जुड़ी चेतावनी दर्ज है. इसलिए बादल गरजने के दौरान खुले स्थानों से दूरी रखना बेहतर है.
5. क्या 20 अगस्त के बाद मानसून पूरी तरह खत्म हो जाएगा?
ऐसा कहना सही नहीं होगा. मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों में पूर्वी और कुछ उत्तरी हिस्सों में स्थानीय बारिश की संभावना जताई है. हालांकि राज्य के कई हिस्सों में मानसूनी गतिविधियां कमजोर रहने की संभावना है.


