Rajasthan Weather Update 26 August 2026: राजस्थान में मानसून की गतिविधियां एक बार फिर पूर्वी हिस्सों में असर दिखाने वाली हैं. मौसम केंद्र जयपुर के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, 26 अगस्त 2026, बुधवार को पूर्वी राजस्थान के कई संभागों में बारिश की संभावना है. कुछ जिलों में भारी बारिश, मेघगर्जन, वज्रपात और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी की गई है. दूसरी ओर पश्चिमी राजस्थान में मौसम अपेक्षाकृत शांत और अधिकांश इलाकों में शुष्क रहने का अनुमान है.
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इन जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट
मौसम केंद्र जयपुर की जिला स्तरीय चेतावनी के अनुसार 26 अगस्त को अजमेर, भीलवाड़ा, बूंदी और टोंक में कहीं-कहीं भारी बारिश के साथ मेघगर्जन, वज्रपात और 30 से 40 किमी प्रति घंटे की गति से तेज हवाएं चलने की संभावना है. इन जिलों के लिए येलो स्तर की चेतावनी जारी की गई है.
कई अन्य जिलों में भी मेघगर्जन और तेज हवाओं का असर
26 अगस्त को अलवर और भरतपुर सहित पूर्वी राजस्थान के कई इलाकों में मेघगर्जन, वज्रपात और 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना जताई गई है. मौसम विभाग के दैनिक पूर्वानुमान में जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर और उदयपुर संभाग में कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना भी बताई गई है.
क्यों बदल रहा है राजस्थान का मौसम?
मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार मानसून ट्रफ जम्मू, देहरादून, शाहजहांपुर, वाराणसी और झारखंड के ऊपर बने कम दबाव के क्षेत्र से होते हुए आगे उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी की ओर जा रही है. इसके साथ ही पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है और उत्तर हरियाणा तथा दक्षिण-पश्चिम उत्तर प्रदेश के आसपास बने ऊपरी हवा के चक्रवाती परिसंचरण मानसून ट्रफ में मिल चुके हैं. इन मौसमी सिस्टम के प्रभाव से पूर्वी राजस्थान में बारिश की गतिविधियां बनी हुई हैं.
पश्चिमी राजस्थान में कैसा रहेगा मौसम?
26 अगस्त को पश्चिमी राजस्थान के जोधपुर संभाग में कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना है, लेकिन बीकानेर संभाग के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है. 27 अगस्त के बाद पश्चिमी राजस्थान में शुष्क मौसम का दायरा और बढ़ सकता है.
भारी बारिश का क्या असर पड़ सकता है?
येलो चेतावनी वाले क्षेत्रों में भारी बारिश के कारण निचले इलाकों और अंडरपास में जलभराव हो सकता है. कुछ स्थानों पर सड़क यातायात भी प्रभावित होने की आशंका है. मौसम विभाग ने जलभराव वाले इलाकों में विशेष सावधानी बरतने और बिजली के खंभों तथा अन्य संभावित खतरों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी है.
बारिश और बिजली चमकने के दौरान रखें ये सावधानियां
मेघगर्जन और बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान या पेड़ों के नीचे खड़े न हों.
तेज बारिश के दौरान जलभराव वाले अंडरपास और सड़कों से गुजरने से बचें.
बिजली के खंभों और खुले तारों से सुरक्षित दूरी बनाए रखें.
वाहन चलाते समय तेज हवाओं और कम दृश्यता को ध्यान में रखते हुए गति नियंत्रित रखें.
मौसम की ताजा जानकारी के लिए मौसम विभाग और आधिकारिक ऐप के अपडेट पर नजर रखें. मौसम केंद्र जयपुर ने मौसम, मेघदूत और दामिनी ऐप के उपयोग की भी जानकारी दी है.
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FAQs
राजस्थान में 26 अगस्त को सबसे ज्यादा बारिश कहां हो सकती है?
अजमेर, भीलवाड़ा, बूंदी और टोंक में कहीं-कहीं भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है.
क्या जयपुर में भी बारिश होगी?
मौसम केंद्र जयपुर के पूर्वानुमान के अनुसार जयपुर संभाग में कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना है.
क्या 26 अगस्त को तेज हवाएं भी चलेंगी?
हां. चेतावनी वाले कई जिलों में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार तेज हवाएं चल सकती हैं.
क्या पश्चिमी राजस्थान में भी भारी बारिश होगी?
ताजा पूर्वानुमान के अनुसार पश्चिमी राजस्थान में बारिश की गतिविधियां पूर्वी हिस्सों की तुलना में कमजोर रहेंगी और बीकानेर संभाग के अधिकांश इलाकों में मौसम शुष्क रहने की संभावना है.
बारिश के दौरान सबसे बड़ी सावधानी क्या रखनी चाहिए?
जलभराव वाले रास्तों, बिजली के खंभों और खुले स्थानों से बचें. मेघगर्जन के समय पेड़ों के नीचे खड़े न हों और आधिकारिक मौसम चेतावनियों पर नजर रखें.
स्रोत: भारत मौसम विज्ञान विभाग, मौसम केंद्र जयपुर


