MP Weather Update 23 August 2026: मध्य प्रदेश में 23 अगस्त रविवार से मौसम का मिजाज एक्टिव रहने वाला है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD), मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश और आसपास के क्षेत्र में बना कम दबाव का क्षेत्र सक्रिय है. इसके साथ चक्रवाती परिसंचरण भी बना हुआ है. मानसून ट्रफ भी उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश के कम दबाव वाले क्षेत्र से होकर गुजर रही है. इन मौसमी प्रणालियों के असर से राज्य के कई हिस्सों में बारिश, गरज-चमक, वज्रपात और तेज हवाओं की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं.
23 अगस्त को कहां बारिश की संभावना
मौसम विभाग के 23 अगस्त के पूर्वानुमान के अनुसार, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, रतलाम, उज्जैन और देवास में कुछ स्थानों पर बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं. भोपाल, विदिशा, सीहोर, राजगढ़, शाजापुर, आगर, मंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, मुरैना और श्योपुरकलां में भी कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना है.
वहीं रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल, दतिया, भिंड, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, सतना, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, डिंडोरी, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर और पांढुर्णा में अनेक स्थानों पर बारिश होने का अनुमान है.
इन जिलों में भारी बारिश और तेज हवा का अलर्ट
रायसेन, नर्मदापुरम, दतिया, भिंड, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, छिंदवाड़ा, सिवनी, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी और पांढुर्णा में कहीं-कहीं भारी बारिश के साथ गरज-चमक, वज्रपात और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है. इसके अलावा कई अन्य जिलों में भी गरज-चमक, वज्रपात और 30-40 किमी प्रति घंटा की हवा की संभावना है.
पूर्वी मध्य प्रदेश में अचानक बाढ़ का खतरा
IMD ने 23 अगस्त की सुबह 5:30 बजे तक के लिए पूर्वी मध्य प्रदेश के अनूपपुर, बालाघाट, डिंडोरी, शहडोल, सीधी और उमरिया जिलों के कुछ जलग्रहण क्षेत्रों में मध्यम स्तर के फ्लैश फ्लड यानी अचानक बाढ़ के जोखिम की संभावना जताई है. बारिश के कारण पूरी तरह संतृप्त मिट्टी और निचले इलाकों में सतही जल बहाव या जलभराव हो सकता है.
आम लोगों पर क्या पड़ेगा असर
तेज बारिश के दौरान निचले इलाकों में जलभराव और अंडरपास में पानी भरने की स्थिति बन सकती है. नदियों और जलप्रपातों का जलस्तर बढ़ने से निचले पुलों और सड़कों पर आवाजाही प्रभावित हो सकती है. तेज हवा और बिजली गिरने की घटनाएं पेड़, बिजली की लाइन और खुले स्थानों में जोखिम बढ़ा सकती हैं.
किसानों के लिए जरूरी सावधानी
किसानों को बारिश के दौरान सिंचाई, उर्वरक और पौध संरक्षण रसायनों के छिड़काव से बचने की सलाह दी गई है. खेतों में जल निकासी की व्यवस्था रखें और सब्जियों, बेलदार पौधों तथा युवा फलदार पौधों को तेज हवा से बचाने के लिए सहारा दें. कटी हुई उपज, बीज, खाद और कृषि उपकरणों को जलरोधक तिरपाल से ढककर सुरक्षित रखें. तेज मौसम की संभावना में कटाई, मड़ाई और सुखाने के काम को स्थगित करना बेहतर रहेगा.
बिजली और आंधी के दौरान क्या करें
गरज-चमक के समय घर के अंदर रहें और पेड़ या बिजली के खंभों के नीचे आश्रय न लें. इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के प्लग निकाल दें. खुले खेत, जलाशय, नदी और अन्य खुले स्थानों से तुरंत सुरक्षित जगह पर चले जाएं. बहुत जरूरी न हो तो खराब मौसम के दौरान यात्रा से बचें और वाहन चलाते समय गति कम रखें.
Source: मौसम केंद्र भोपाल
FAQ
1. क्या 23 अगस्त को मध्य प्रदेश में हर जगह बारिश होगी?
नहीं. पूर्वानुमान में अलग-अलग क्षेत्रों के लिए बारिश की तीव्रता अलग बताई गई है. कुछ जिलों में isolated, कुछ में few और कई जिलों में many places पर बारिश की संभावना है.
2. किन जिलों में भारी बारिश का खतरा ज्यादा है?
रायसेन, नर्मदापुरम, दतिया, भिंड, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, छिंदवाड़ा, सिवनी, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी और पांढुर्णा में कहीं-कहीं भारी बारिश के साथ तेज हवा और वज्रपात की चेतावनी है.
3. क्या अचानक बाढ़ का भी खतरा है?
हां. अनूपपुर, बालाघाट, डिंडोरी, शहडोल, सीधी और उमरिया के कुछ जलग्रहण क्षेत्रों में मध्यम फ्लैश फ्लड जोखिम बताया गया है.
4. बारिश के समय घर से बाहर निकलना सुरक्षित है?
जरूरी न हो तो तेज बारिश, आंधी और बिजली गिरने की स्थिति में यात्रा टालना बेहतर है. बाहर होने पर पेड़, बिजली की लाइन और खुले ऊंचे स्थानों से दूर रहें.


