Ayodhya News: डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय परिसर में चल रहे विकास कार्यों को लेकर बुधवार को उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक हुई. कौटिल्य प्रशासनिक भवन सभागार में कुलपति डॉ. बिजेंद्र सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में निर्माण कार्यों की प्रगति, आवागमन और जल निकासी से जुड़ी समस्याओं पर चर्चा की गई.
बैठक में महिला छात्रावास और शिक्षक कॉलोनी तक सुचारु आवागमन में आ रही दिक्कतों को कुलपति ने गंभीरता से लिया. उन्होंने संबंधित अभियंताओं और कार्यदायी संस्थाओं को मार्ग से जुड़ी समस्याओं को तत्काल दूर करने के निर्देश दिए.
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महिला छात्रावास और शिक्षक कॉलोनी के रास्ते होंगे दुरुस्त
कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय परिसर में चल रहे विकास कार्यों में गुणवत्ता, सुरक्षा और समयबद्धता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए. महिला छात्रावास और शिक्षक कॉलोनी के लिए सुगम और सुरक्षित आवागमन की व्यवस्था सुनिश्चित करने के साथ जल निकासी की समस्या को भी प्राथमिकता के आधार पर दूर करने को कहा गया. उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि विकास कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. सभी निर्माण कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरे किए जाएं, ताकि विद्यार्थियों, शिक्षकों और कर्मचारियों को असुविधा न हो.
अभियंताओं और निर्माण एजेंसियों को दिए निर्देश
समीक्षा बैठक में संबंधित निर्माण एजेंसियों के अभियंताओं से चल रहे कार्यों की स्थिति और सामने आ रही व्यावहारिक समस्याओं की जानकारी ली गई. कुलपति ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि निर्माण कार्यों के दौरान विश्वविद्यालय परिसर में आवागमन बाधित न हो और जहां परेशानी है, वहां तत्काल समाधान किया जाए. उन्होंने विकास कार्यों की गुणवत्ता पर भी लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए.
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ये अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में कुलसचिव विनय कुमार सिंह, प्रो. एस.एस. मिश्र, प्रो. आशुतोष सिन्हा, प्रो. सी.के. मिश्र, प्रो. एस.के. रायजादा, प्रो. अनूप कुमार, प्रो. फर्रुख जमाल, प्रो. ए.के. राय, प्रो. शैलेंद्र कुमार, डॉ. महिमा चौरसिया, डॉ. पी.के. द्विवेदी, उपकुलसचिव डॉ. रीमा श्रीवास्तव और ए.के. गौतम समेत विश्वविद्यालय के संकायाध्यक्ष, विभागाध्यक्ष, निदेशक, समन्वयक, छात्रावास वार्डन, पुस्तकालय प्रभारी और निर्माण एजेंसियों के अभियंता मौजूद रहे.


