Bihar Weather Update 28 August 2026: बिहार में रक्षाबंधन पर शुक्रवार से मौसम का असर कई इलाकों में देखने को मिल सकता है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD), मौसम विज्ञान केंद्र पटना की ओर से जारी पूर्वानुमान के मुताबिक, 28 अगस्त को राज्य के कई हिस्सों में गरज-चमक और वज्रपात के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने की संभावना है. इस दौरान कुछ जिलों में भारी बारिश भी हो सकती है.
इन 6 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
28 अगस्त के लिए मौसम विभाग ने दरभंगा, पूर्वी चंपारण, जमुई, मुजफ्फरपुर, नवादा और समस्तीपुर में भारी बारिश की संभावना जताई है. इन जिलों में बारिश के साथ मौसम खराब होने पर स्थानीय स्तर पर जलजमाव और आवाजाही प्रभावित होने जैसी स्थिति बन सकती है.
28 अगस्त को किन इलाकों में तेज हवा और वज्रपात का खतरा
मौसम विभाग के अनुसार 28 अगस्त को उत्तर-पश्चिम, उत्तर-मध्य और दक्षिण-मध्य बिहार के जिलों में मेघ गर्जन और वज्रपात के साथ 30-40 किमी प्रति घंटे तक तेज हवा चल सकती है. इसके अलावा उत्तर-पूर्व, दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण-पूर्व बिहार के हिस्सों में भी गरज-चमक, वज्रपात और तेज हवा की संभावना जताई गई है.
29 और 30 अगस्त को भी बारिश का दौर
मौसम की गतिविधियां 28 अगस्त के बाद भी जारी रहने की संभावना है. 29 अगस्त को बांका, बेगूसराय, भागलपुर, खगड़िया और पश्चिमी चंपारण में भारी बारिश की संभावना है. वहीं 30 अगस्त को बांका, कटिहार और भागलपुर में भारी बारिश का पूर्वानुमान जारी किया गया है.
इसके साथ 29 अगस्त को उत्तर-पश्चिम, उत्तर-मध्य, दक्षिण-मध्य, उत्तर-पूर्व, दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण-पूर्व बिहार के कई हिस्सों में 30-40 किमी प्रति घंटे तक तेज हवा और मेघ गर्जन-वज्रपात की संभावना बनी रहेगी. 30 अगस्त को दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण-पूर्व भागों में यह स्थिति रह सकती है.
तापमान में बड़े बदलाव के आसार नहीं
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार अगले 2-3 दिनों में बिहार के अनेक स्थानों पर अधिकतम तापमान में कोई विशेष बदलाव होने की संभावना नहीं है. वहीं अगले 5 दिनों के दौरान न्यूनतम तापमान में भी खास परिवर्तन की संभावना नहीं जताई गई है.
28 अगस्त को अलग-अलग क्षेत्रों में अधिकतम तापमान लगभग 30 से 34 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान करीब 24 से 28 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का पूर्वानुमान है.
बारिश से कहां हो सकती है परेशानी
भारी बारिश के दौरान नदियों का जलस्तर बढ़ सकता है. शहरों के निचले इलाकों में जलजमाव की स्थिति बन सकती है. अचानक बाढ़ की आशंका वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है. मौसम विभाग ने बारिश, मेघ गर्जन और वज्रपात से जान-माल तथा पशुओं को नुकसान की संभावना को देखते हुए सतर्क रहने को कहा है.
बारिश का असर सड़क यातायात पर भी पड़ सकता है. तेज हवा के दौरान खुले स्थानों पर रहना जोखिम भरा हो सकता है. खेतों में काम करने वाले लोगों और दोपहिया वाहन चालकों को मौसम की स्थिति देखकर ही बाहर निकलने की सलाह दी जाती है.
वज्रपात से बचने के लिए क्या करें
गरज-चमक शुरू होने पर खुले मैदान, खेत, नदी या जलाशय के आसपास रुकने से बचें. यदि आप बाहर हैं तो जल्द से जल्द किसी पक्के भवन में शरण लें. ऊंचे पेड़ और बिजली के खंभों से दूरी बनाए रखें. बिजली से संचालित वस्तुओं और विद्युत उपकरणों से भी सावधानी बरतें. मौसम विभाग ने विशेष रूप से वज्रपात के दौरान सुरक्षित स्थान पर जाने की सलाह दी है.
बिहार में अगले कुछ दिनों का बारिश ट्रेंड
28 अगस्त को उत्तर-पश्चिम, उत्तर-मध्य और दक्षिण-मध्य बिहार में कई स्थानों पर बारिश की संभावना है. दक्षिण-पश्चिम बिहार में भी अनेक स्थानों पर बारिश का अनुमान है. 29 अगस्त को भी कई क्षेत्रों में बारिश का दायरा बढ़ सकता है. 30 अगस्त को दक्षिण-पूर्व बिहार के कुछ हिस्सों में अनेक स्थानों पर बारिश की संभावना दर्ज की गई है.
लोगों के लिए जरूरी सावधानी
बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचना बेहतर रहेगा, खासकर उन क्षेत्रों में जहां भारी बारिश की चेतावनी जारी है. घर से निकलने से पहले स्थानीय मौसम अपडेट जरूर देखें. निचले इलाकों और जलभराव वाली सड़कों पर जाने से बचें. नदी या तेज बहाव वाले पानी के नजदीक न जाएं. किसान और ग्रामीण इलाकों में रहने वाले लोग गरज-चमक के समय खुले खेतों में काम करने से बचें.
स्रोत: भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD), मौसम विज्ञान केंद्र पटना.
FAQs
1. 28 अगस्त को बिहार में सबसे ज्यादा चिंता किस बात की है?
सबसे बड़ी चिंता भारी बारिश के साथ गरज-चमक, वज्रपात और तेज हवा की है. खासकर चेतावनी वाले छह जिलों के लोगों को मौसम खराब होने पर अतिरिक्त सतर्क रहना चाहिए.
2. क्या 28 अगस्त को हर जिले में भारी बारिश होगी?
नहीं. मौसम विभाग ने भारी बारिश की संभावना केवल दरभंगा, पूर्वी चंपारण, जमुई, मुजफ्फरपुर, नवादा और समस्तीपुर के लिए बताई है. बाकी हिस्सों में बारिश और मौसम की गतिविधि अलग-अलग स्तर पर हो सकती है.
3. बारिश के समय बाहर निकलना जरूरी हो तो क्या ध्यान रखें?
गरज-चमक होने पर खुले स्थानों से बचें और संभव हो तो पक्के भवन में रुकें. जलभराव वाली सड़कों और तेज बहाव वाले पानी से दूरी रखें.
4. किसानों को किस बात की सबसे ज्यादा सावधानी रखनी चाहिए?
वज्रपात के दौरान खुले खेत में काम करने से बचना चाहिए. मेघ गर्जन शुरू होने पर सुरक्षित पक्के स्थान पर चले जाना अधिक सुरक्षित है.
5. क्या 28 अगस्त के बाद मौसम तुरंत साफ हो जाएगा?
ऐसा संकेत नहीं है. 29 और 30 अगस्त को भी कई जिलों में भारी बारिश की संभावना है और 31 अगस्त से 2 सितंबर तक भी कुछ हिस्सों में तेज हवा तथा गरज-चमक की स्थिति बन सकती है.


