कबीरधाम, 11 अगस्त 2026. छत्तीसगढ़ के कबीरधाम में पुलिस ने नकली नोट तैयार कर उन्हें बाजार में खपाने की तैयारी कर रहे एक गिरोह का पर्दाफाश किया है. पुलिस ने मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों के कब्जे और प्रकरण में जब्त सामग्री से कुल 12.50 लाख रुपये के नकली नोट, कलर प्रिंटर या फोटोकॉपी मशीन, मोबाइल फोन और घटना में इस्तेमाल की गई इलेक्ट्रिक कार बरामद की गई है.
पुलिस के मुताबिक, आरोपी जुलाई 2026 से एक किराये के कमरे में कलर प्रिंटर की मदद से नकली नोट तैयार कर रहे थे. तैयार किए गए नोटों को वास्तविक मुद्रा के रूप में चलाने की योजना थी. मामले का खुलासा 9 अगस्त को उधारी की रकम वापस करने के नाम पर नकली नोटों की डिलीवरी किए जाने के बाद हुआ.
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3.75 लाख रुपये की उधारी लौटाने के नाम पर नकली नोटों की डिलीवरी
पुलिस के अनुसार ग्राम कमराखोल, थाना कुकदूर निवासी दिनेश कुमार यादव ने चौकी पोंडी में शिकायत दर्ज कराई थी. दिनेश कुमार ने बताया कि उसने अप्रैल 2026 में घुरवा राम को 3.75 लाख रुपये उधार दिए थे. इस संबंध में एग्रीमेंट भी कराया गया था.
उधारी की रकम वापस मांगने पर घुरवा राम ने रकम लौटाने का आश्वासन दिया. 9 अगस्त 2026 को उसने दिनेश कुमार को बताया कि वह सतीश कुमार के माध्यम से रकम भिजवा रहा है. इसके बाद दिनेश कुमार को ग्राम पोंडी स्थित शराब भट्ठी के आगे रकम लेने के लिए बुलाया गया.
दिनेश कुमार अपने परिचित कैलाश चंद्रवंशी के साथ रात करीब 9 बजे पोंडी शराब भट्ठी के पास पहुंचा. वहां सतीश कुमार और उसके एक साथी ने काले रंग के बैग में रकम दी. रकम की जांच करने पर नोट संदिग्ध लगे. बैग खोलने पर उसमें 500-500 रुपये के कुल 4.50 लाख रुपये के नकली नोट मिले.
इसके बाद दिनेश कुमार ने 10 अगस्त को चौकी पोंडी में लिखित रिपोर्ट दर्ज कराई. पुलिस ने रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की.
पूछताछ में सामने आया नकली नोट तैयार करने का नेटवर्क
पुलिस की पूछताछ में आरोपी सतीश कुमार ने रामप्रसाद उर्फ रमऊ और घुरवा राम के साथ मिलकर नकली नोट तैयार करने और उन्हें खपाने की जानकारी दी.
इस जानकारी के आधार पर पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए रामप्रसाद उर्फ रमऊ और घुरवा राम को भी गिरफ्तार कर लिया. पुलिस के अनुसार तीनों आरोपी नकली नोट तैयार करने और उनकी डिलीवरी करने में शामिल थे.
जुलाई से किराये के कमरे में तैयार हो रहे थे नकली नोट
पुलिस के मुताबिक पूछताछ और तस्दीक के दौरान सामने आया कि तीनों आरोपी जुलाई 2026 से मिलकर कलर प्रिंटर के माध्यम से नकली नोट तैयार कर रहे थे.
इसके लिए नए बस स्टैंड के पास एक किराये का कमरा लिया गया था. पुलिस के अनुसार इसी कमरे में नकली नोट तैयार किए जाते थे. तैयार नकली नोटों को वास्तविक रकम के रूप में चलाने की योजना बनाई गई थी.
इसी योजना के तहत उधारी की रकम वापस करने के नाम पर दिनेश कुमार और उसके सहयोगी कैलाश को नकली नोटों की डिलीवरी की गई थी.
आरोपियों से 8 लाख और प्रार्थी से 4.50 लाख के नकली नोट बरामद
पुलिस के अनुसार मामले में बरामद नकली नोटों और अन्य सामग्री का विवरण इस प्रकार है.
सतीश कुमार से 2 लाख रुपये के नकली नोट बरामद किए गए.
रामप्रसाद उर्फ रमऊ से 4.50 लाख रुपये के नकली नोट, एक मोबाइल फोन, एक प्रिंटर या फोटोकॉपी मशीन और एक टाटा पंच इलेक्ट्रिक कार बरामद की गई.
घुरवा राम से 1.50 लाख रुपये के नकली नोट बरामद किए गए.
इसके अलावा प्रार्थी द्वारा प्रस्तुत और जब्त कराए गए 4.50 लाख रुपये के नकली नोट भी पुलिस ने जब्त किए.
इस तरह पुलिस के अनुसार कुल 12.50 लाख रुपये के नकली नोट, एक प्रिंटर या फोटोकॉपी मशीन, एक मोबाइल फोन और एक इलेक्ट्रिक कार जब्त की गई है.
13 जुलाई को खरीदा था कलर प्रिंटर
पुलिस की जांच के अनुसार रामप्रसाद उर्फ रमऊ और सतीश कुमार ने 13 जुलाई को एक कलर प्रिंटर खरीदा था. इसके बाद रामप्रसाद ने नए बस स्टैंड के पास किराये का मकान लिया.
पुलिस के अनुसार इसी स्थान पर रामप्रसाद और घुरवा राम मिलकर नकली नोट तैयार करते थे. तैयार नोटों की डिलीवरी के लिए सतीश कुमार और रामप्रसाद साथ जाते थे.
पुलिस अब आरोपियों से नकली नोट तैयार करने की पूरी प्रक्रिया और अब तक तैयार किए गए नोटों को कहां-कहां खपाया गया, इस संबंध में विस्तृत पूछताछ कर रही है.
तीन आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने मामले में सतीश कुमार, रामप्रसाद उर्फ रमऊ और घुरवा राम को गिरफ्तार किया है.
सतीश कुमार, पिता आधे राम, उम्र 33 वर्ष, निवासी मजगांव रोड, थाना कवर्धा.
रामप्रसाद उर्फ रमऊ, पिता ललित राम, उम्र 56 वर्ष, निवासी तालपुर, थाना सिटी कोतवाली कवर्धा.
घुरवा राम, पिता मोतीराम, निवासी कान्हाभैरा, थाना पिपरिया.
BNS की धाराओं में दर्ज हुआ मामला
पुलिस के अनुसार चौकी पोंडी, थाना बोड़ला में अपराध क्रमांक 101/2026 के तहत धारा 179 और 318(4) BNS में मामला दर्ज किया गया है.
जांच के दौरान धारा 178, 180 और 181 BNS भी जोड़ी गई है. बरामद नकली नोटों और अन्य सामग्री को विधिवत जब्त कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है.
चौकी पोंडी और साइबर टीम की भूमिका
पूरी कार्रवाई में साइबर थाना कबीरधाम के निरीक्षक उमाशंकर राठौर, थाना बोड़ला चौकी पोंडी प्रभारी निरीक्षक लक्ष्मीनारायण साव, सहायक उपनिरीक्षक चंद्रकांत तिवारी, आशीष सिंह, संजीव तिवारी, प्रधान आरक्षक चुम्मन साहू, अभिनव तिवारी, ओम प्रकाश पटेल, खूबी साहू तथा आरक्षक संदीप शुक्ला, गज्जू ठाकुर, पूरन दास डाहिरे, देवेंद्र चतुर्वेदी, सोमेंद्र शर्मा और सतखोजन की महत्वपूर्ण भूमिका रही.
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक कबीरधाम जितेंद्र कुमार यादव के निर्देशन में, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमसागर सिदार और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमित पटेल के मार्गदर्शन तथा पुलिस अनुविभागीय अधिकारी बोड़ला अखिलेश कौशिक के पर्यवेक्षण में की गई.
कबीरधाम पुलिस ने लोगों से की सतर्क रहने की अपील
कबीरधाम पुलिस ने आमजन से संदिग्ध नोट और संदिग्ध वित्तीय लेन-देन के मामलों में सतर्क रहने की अपील की है. पुलिस ने कहा है कि नकली नोट या नकली मुद्रा से संबंधित किसी भी तरह की जानकारी मिलने पर तत्काल नजदीकी पुलिस थाना या चौकी को सूचित करें.


