The Vvaan – Force of the Forest एक ऐसे रहस्यमयी जंगल की कहानी लेकर आती है, जिसके बारे में फिल्म की शुरुआत में बताया जाता है कि वह सातवीं शताब्दी से मौजूद है. इस जंगल में पत्थर से बनी एक देवी की मूर्ति है, जिसकी आंखें अंधेरे में ट्रैफिक लाइट की तरह चमकती हैं. मान्यता है कि रात में इस रहस्यमयी और निषिद्ध जंगल में जाने वालों में से बहुत कम लोग ही जिंदा लौटकर अपनी कहानी बता पाते हैं.
फिल्म की शुरुआत एक ऐसे राजा की कहानी से होती है, जो रात में अपनी बीमार गर्भवती पत्नी को बचाने के लिए जंगल में प्रवेश करता है. यह शुरुआती हिस्सा जंगल के भीतर छिपे रहस्य का संकेत देता है, लेकिन कहानी आगे बढ़ने के साथ फिल्म दर्शकों से लगातार अपने अविश्वसनीय हिस्सों को स्वीकार करने की उम्मीद करती है.
समस्या यह है कि जैसे-जैसे कहानी आगे बढ़ती है, इन घटनाओं पर विश्वास करना मुश्किल होता जाता है.
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Rishi Kumar को भी नहीं समझ आती पूरी कहानी
फिल्म का मुख्य किरदार Rishi Kumar है, जिसे Sidharth Malhotra ने निभाया है. वह एक कंस्ट्रक्शन कंपनी में इंजीनियर है और छह साल बाद अपने पुश्तैनी गांव लौटता है. वह जंगल और उससे जुड़ी कहानियों को अंधविश्वास मानता है और गांव के लोगों की मान्यताओं को आसानी से स्वीकार नहीं करता.
Rishi अपनी पत्नी Mamta के साथ संतान चाहता है. दोनों IVF का खर्च नहीं उठा सकते, इसलिए Rishi ने लोन के लिए आवेदन किया है, लेकिन वह प्रक्रिया में अटका हुआ है.
Chhath के मौके पर Rishi, उसकी पत्नी और उसका दोस्त Ved Prakash मुंबई से बिहार के एक दूरदराज गांव Devanchal पहुंचते हैं. Rishi का बड़ा भाई Shashi उन्हें वहां बुलाता है.
यही वह जगह है जहां रहस्यमयी जंगल मौजूद है और कहानी का संघर्ष शुरू होता है.
फिल्म के बीच में Rishi कहता है, “Abhi mujhe kuch samajh mein aa raha hain.” यह संवाद कहानी की स्थिति को कुछ हद तक खुद ही बयान करता है. फिल्म में कुछ बातें समझ आने लगती हैं, लेकिन बाकी कहानी लगातार उलझती जाती है.
जंगल, आस्था और विकास के बीच संघर्ष
जंगल को लेकर गांव में अलग-अलग मान्यताएं हैं. वहीं दूसरी तरफ Deepak नाम का किरदार सरकार से जंगल के पेड़ कटवाकर वहां सड़क बनवाना चाहता है. इस भूमिका में Sunil Grover नजर आते हैं.
Deepak सिर्फ जंगल को लेकर Rishi के सामने खड़ा व्यक्ति नहीं है. कहानी में जंगल को खत्म करने की कोशिश करने वाले कई लोग हैं. लेकिन फिल्म पर्यावरण और विकास के इस संघर्ष को वैज्ञानिक या पर्यावरणीय थ्रिलर की दिशा में आगे नहीं ले जाती.
इसके बजाय कहानी मंदिर, देवी, धार्मिक मान्यताओं और जंगल से जुड़े मिथकों पर ज्यादा निर्भर हो जाती है.
फिल्म में एक बुलडोजर भी महत्वपूर्ण प्रतीक की तरह सामने आता है. शुरुआती हिस्से में एक निर्माण स्थल पर बुलडोजर खराब होकर नियंत्रण से बाहर हो जाता है और लोगों की जान खतरे में पड़ जाती है. Rishi मशीन को नियंत्रित करता है, लेकिन इस दौरान एक पाइपलाइन टूट जाती है. पानी निकलकर शिवलिंग पर गिरता है और उसी समय धार्मिक भजन सुनाई देता है.
बाद में जंगल में भी बुलडोजर दिखाई देता है. इस बार उसका इस्तेमाल पेड़ों को हटाने के लिए किया जा रहा है.
आस्था और तर्क के बीच उलझती फिल्म
The Vvaan का एक बड़ा विषय आस्था और तर्क के बीच संघर्ष है. फिल्म अंधविश्वास पर सवाल उठाने की कोशिश करती दिखाई देती है, लेकिन दूसरी तरफ धार्मिक आस्था और प्रार्थना की शक्ति को भी मजबूती से जगह देती है.
यही बदलाव कहानी को अस्थिर बनाता है. फिल्म एक तरफ परंपरा और आधुनिक सोच के बीच टकराव दिखाती है, वहीं दूसरी तरफ खुद अपनी कहानी को मिथकों और धार्मिक रहस्यों से लगातार जोड़ती रहती है.
नतीजा यह होता है कि जंगल की कहानी, पर्यावरण, आस्था और अंधविश्वास के अलग-अलग हिस्से एक साथ जुड़ने के बजाय कई जगह अलग-अलग दिशाओं में जाते हुए महसूस होते हैं.
कॉमेडी भी कहानी को संभाल नहीं पाती
फिल्म में Ved Prakash का किरदार Maniesh Paul ने निभाया है. वह Rishi का दोस्त और व्लॉगर है. कहानी में एक बुजुर्ग महिला को लेकर उसे गलतफहमी होती है और वह उसे डायन समझता है.
इससे कॉमेडी पैदा करने की कोशिश की गई है. लेकिन यह ट्रैक फिल्म की मुख्य कहानी को हल्का करने के बजाय कई जगह उसे और असंगत बना देता है.
फिल्म लगातार गंभीर और हास्यपूर्ण हिस्सों के बीच आती-जाती रहती है. दोनों के बीच बदलाव हमेशा सहज नहीं लगता.
Maniesh Paul के किरदार के साथ डर, अंधेरा, परछाइयां और अजीब परिस्थितियों को कॉमेडी के लिए इस्तेमाल किया गया है, लेकिन यह हास्य कहानी को मजबूत करने में खास मदद नहीं करता.
एक्टिंग पर कहानी का असर
फिल्म के कलाकार अपने-अपने किरदारों में गंभीरता से काम करते दिखाई देते हैं, लेकिन समस्या किरदारों के विकास की है. कई पात्रों को इतना विस्तार नहीं मिलता कि वे पूरी तरह विश्वसनीय और प्रभावशाली बन सकें.
Sidharth Malhotra का Rishi कहानी के केंद्र में है, लेकिन उसकी अपनी उलझनें भी फिल्म की बड़ी उलझन का हिस्सा बन जाती हैं. Tamannaah Bhatia का Mamta वाला किरदार भी कहानी में मौजूद है, लेकिन फिल्म का मुख्य संघर्ष जंगल और उससे जुड़ी मान्यताओं की ओर ज्यादा झुक जाता है.
Sunil Grover, Maniesh Paul, Anup Soni और Shweta Tiwari सहित बाकी कलाकार अपने हिस्से को निभाते हैं, लेकिन आधे-अधूरे तरीके से विकसित किरदार उन्हें ज्यादा अवसर नहीं देते.
क्लाइमेक्स भी नहीं देता स्पष्ट जवाब
फिल्म के अंतिम हिस्से में जंगल में एक बड़ी भीड़ जमा होती है. लोग अपनी-अपनी मान्यताओं और जानकारी के आधार पर अलग-अलग पक्षों में बंटे हुए हैं. इसके बाद लंबा संघर्ष होता है.
लेकिन यह क्लाइमेक्स कहानी में पहले से मौजूद उलझनों को साफ करने के बजाय उन्हें और बढ़ा देता है. जिस रहस्य और संघर्ष को फिल्म इतने लंबे समय तक तैयार करती है, उसका अंतिम टकराव अपेक्षित प्रभाव पैदा नहीं कर पाता.
The Vvaan – Force of the Forest एक ऐसी फिल्म बनकर रह जाती है जो अंधविश्वास, धार्मिक आस्था, आधुनिक सोच, पर्यावरण और परंपरा जैसे कई विषयों को एक साथ छूने की कोशिश करती है. लेकिन इन विषयों के बीच लगातार दिशा बदलने के कारण कहानी का प्रभाव कमजोर पड़ जाता है.
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TVF Motion Pictures और Balaji Telefilms Ltd के प्रोडक्शन में बनी और Deepak Kumar Mishra के निर्देशन वाली यह फिल्म एक रहस्यमयी जंगल के जरिए बड़ी कहानी कहने की कोशिश करती है. लेकिन जंगल के भीतर जाने के बाद फिल्म खुद ही कई जगह रास्ता खो देती है.


