Uttar Pradesh Weather Update 6 June: उत्तर प्रदेश के मौसम में शुक्रवार को बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है. IMD लखनऊ ने पूर्वी यूपी के कई जिलों में गरज-चमक, बारिश और 40-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ द्वारा जारी नवीनतम पूर्वानुमान के अनुसार शुक्रवार 6 जून को राज्य के पूर्वी हिस्सों में मौसम सक्रिय रहने की संभावना है, जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अपेक्षाकृत कम प्रभाव देखने को मिलेगा. विभाग ने पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में मेघगर्जन, वज्रपात और तेज हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है.
भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी और पूर्वी भारत के ऊपर बने मौसमी तंत्र का असर उत्तर प्रदेश के पूर्वी क्षेत्रों तक पहुंच रहा है. इसी कारण प्रदेश के कई हिस्सों में बादलों की आवाजाही बढ़ी हुई है और स्थानीय स्तर पर गरज-चमक के साथ बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं.
रोटी बनाते समय अपनाएं यह आसान ट्रिक, शाम तक बनी रहेगी नरमी
पूर्वी उत्तर प्रदेश में येलो अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ द्वारा जारी बुलेटिन के अनुसार, 6 जून के लिए पूर्वी उत्तर प्रदेश में 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना जताई गई है. इसके साथ ही कुछ स्थानों पर मेघगर्जन और वज्रपात भी हो सकता है. विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान खुले मैदानों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी है.
गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर, महाराजगंज, बलिया, मऊ, आजमगढ़, गाजीपुर, वाराणसी, चंदौली, जौनपुर, भदोही, प्रयागराज और आसपास के क्षेत्रों में बादल छाने और छिटपुट वर्षा की संभावना अधिक बनी हुई है.
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में राहत
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अधिकांश जिलों के लिए 6 जून को कोई विशेष मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई है. हालांकि कुछ इलाकों में बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है, लेकिन व्यापक बारिश की संभावना कम है. मेरठ, नोएडा, गाजियाबाद, आगरा, अलीगढ़, मथुरा और बरेली मंडलों में मौसम सामान्य रहने का अनुमान है.
इसके बावजूद दिन के समय उमस और गर्मी लोगों को परेशान कर सकती है. अधिकतम तापमान सामान्य से थोड़ा ऊपर रहने की संभावना है.
अगले कुछ दिनों का मौसम कैसा रहेगा?
मौसम विभाग के सात दिवसीय पूर्वानुमान के अनुसार 7 और 8 जून को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम अपेक्षाकृत शुष्क रह सकता है. हालांकि 9 जून से कई क्षेत्रों में गर्मी का असर बढ़ने और उष्ण लहर (हीट वेव) जैसी परिस्थितियां बनने की संभावना है.
वहीं 10 और 11 जून को पूर्वी उत्तर प्रदेश में फिर से गरज-चमक और हल्की बारिश की गतिविधियां लौट सकती हैं. मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि मानसून की उत्तर भारत की ओर बढ़त के साथ आने वाले दिनों में मौसम में और बदलाव देखने को मिल सकता है.
किसानों और आम लोगों के लिए सलाह
विशेषज्ञों का कहना है कि जिन क्षेत्रों में गरज-चमक की संभावना है, वहां किसान खेतों में कार्य करते समय मौसम की ताजा जानकारी लेते रहें. बिजली चमकने के दौरान खुले स्थानों में रुकने से बचें. वाहन चालकों को भी तेज हवाओं और कम दृश्यता की स्थिति में सावधानी बरतने की सलाह दी गई है.
मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी से सक्रिय हो रही मौसमी परिस्थितियां उत्तर प्रदेश में प्री-मानसून गतिविधियों को बढ़ा रही हैं. आने वाले दिनों में मानसून की प्रगति के साथ मौसम में और बदलाव देखने को मिल सकते हैं. मौसम विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और आवश्यकता पड़ने पर अपडेट जारी करेगा. प्रदेशवासियों को सलाह दी गई है कि वे केवल आधिकारिक मौसम बुलेटिन और स्थानीय प्रशासन की सूचनाओं पर भरोसा करें.
Source: मौसम केंद्र, लखनऊ – IMD Uttar-Pradesh
8वें वेतन आयोग में क्या ₹63,000 हो जाएगी न्यूनतम सैलरी? जानिए क्यों तेज हो गई है यह चर्चा
FAQ
Q1. 6 जून 2026 को उत्तर प्रदेश में मौसम कैसा रहेगा?
6 जून को पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में गरज-चमक, हल्की से मध्यम बारिश और 40-50 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है. पश्चिमी यूपी में मौसम अपेक्षाकृत सामान्य रह सकता है.
Q2. किन जिलों में बारिश की संभावना अधिक है?
गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर, महाराजगंज, बलिया, मऊ, आजमगढ़, वाराणसी, गाजीपुर, चंदौली और आसपास के जिलों में बारिश और मेघगर्जन की संभावना अधिक है.
Q3. क्या मौसम विभाग ने कोई चेतावनी जारी की है?
हाँ. IMD लखनऊ ने पूर्वी उत्तर प्रदेश के लिए येलो अलर्ट जारी किया है. तेज हवाएं, वज्रपात और मेघगर्जन को लेकर लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है.
Q4. उत्तर प्रदेश में हीटवेव कब से शुरू हो सकती है?
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 9 जून से प्रदेश के कई हिस्सों में गर्मी बढ़ सकती है और कुछ क्षेत्रों में उष्ण लहर (Heatwave) जैसी परिस्थितियां बनने की संभावना है.


