UP Weather Update: उत्तर प्रदेश में इस वर्ष मई का महीना अपने अनिश्चित मिजाज से सबको चौंका रहा है. भीषण गर्मी और चिलचिलाती धूप के बीच अचानक हो रही बारिश और धूलभरी आंधी ने जहां एक ओर तापमान में गिरावट लाकर राहत दी है, वहीं दूसरी ओर यह अनिश्चितता चिंता का विषय बनी हुई है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, प्रदेशवासियों को अभी कुछ दिन और इस ‘मिजाज बदलते’ मौसम का सामना करना पड़ेगा.
अगले 72 घंटे: येलो अलर्ट और मौसमी चेतावनी
मौसम विभाग ने लखनऊ समेत प्रदेश के अधिकांश हिस्सों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है. गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है. धूलभरी आंधी के दौरान हवाओं की रफ्तार 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है.
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वज्रपात और ओलावृष्टि: कुछ चुनिंदा स्थानों पर बिजली गिरने (वज्रपात) और ओले गिरने की भी आशंका जताई गई है, जिससे फसलों और संपत्ति को नुकसान हो सकता है.
प्रभावित होने वाले प्रमुख जिले
- पश्चिमी यूपी और एनसीआर: नोएडा, गाजियाबाद, मेरठ, बागपत, सहारनपुर और मुजफ्फरनगर जैसे इलाकों में मौसम का असर दिखेगा.
- ब्रज और मध्य यूपी: आगरा, मथुरा, अलीगढ़, एटा, मैनपुरी और कन्नौज समेत कानपुर मंडल के जिलों में चेतावनी है.
- तराई और रुहेलखंड: बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, लखीमपुर खीरी और बहराइच के तराई बेल्ट में नमी और बारिश का प्रभाव रहेगा.
- बुंदेलखंड: झांसी, ललितपुर और जालौन में भी आंधी की संभावना बनी हुई है.
आखिर क्यों बदल रहा है मौसम?
दरअसल, उत्तर पाकिस्तान के ऊपर 3.1 किमी की ऊंचाई पर एक सक्रिय वेस्टर्न डिस्टर्बेंस मौजूद है. दक्षिण-पश्चिम मध्य प्रदेश से शुरू होकर छत्तीसगढ़, झारखंड और पश्चिम बंगाल तक जाने वाली एक निम्न दबाव की रेखा (Trough Line) नमी खींच रही है. इन दोनों प्रणालियों के मिलन से वायुमंडल में नमी बढ़ी है, जो गरजने वाले बादलों के निर्माण में सहायक हो रही है.
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अगले हफ्ते की चुनौती
राहत का यह दौर अधिक समय तक नहीं टिकेगा. IMD के अनुसार, अगले एक सप्ताह में दिन के तापमान में 5-7°C की क्रमिक वृद्धि होगी, जिससे गर्मी फिर से अपने चरम पर पहुंच जाएगी. वहीं रात के तापमान में भी 2-4°C की बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है. हालांकि, राहत की एक किरण यह है कि 15 मई से एक और ताजा पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा, जो दोबारा मौसम को प्रभावित कर सकता है. लोगों को सलाह दी गई है कि आंधी के दौरान पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें और गर्मी बढ़ने पर पर्याप्त जल का सेवन करें.


