Bihar Weather Update 12 September 2026: बिहार में 12 सितंबर शनिवार को मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है. भारत मौसम विज्ञान विभाग के मौसम विज्ञान केंद्र पटना की ओर से जारी पूर्वानुमान के अनुसार राज्य के उत्तर-पूर्व और दक्षिण-पूर्व हिस्सों में मेघ गर्जन और वज्रपात की संभावना है. इन इलाकों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा भी चल सकती है. ऐसे में खुले इलाकों में रहने वाले लोगों और किसानों को मौसम के बदलते मिजाज को देखते हुए सतर्क रहने की जरूरत है.
यह भी पढ़ें- ‘पता नहीं G7 खुद को G7 क्यों कहता है…’, पुतिन का पश्चिमी देशों पर तीखा हमला; बोले- BRICS ने पीछे छोड़ा
12 सितंबर को किन इलाकों में मौसम खराब रहने का अनुमान
मौसम विभाग के अनुसार 12 सितंबर को बिहार के उत्तर-पूर्व और दक्षिण-पूर्व भागों में मेघ गर्जन और वज्रपात होने की संभावना है. इसी दौरान इन हिस्सों में 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे तक की तेज हवा चल सकती है. यह स्थिति अचानक बन सकती है, इसलिए बारिश या गरज-चमक शुरू होने का इंतजार करने के बजाय पहले से सावधानी बरतना बेहतर होगा.
उत्तर-पूर्व बिहार के जिले
उत्तर-पूर्व बिहार में सुपौल, अररिया, किशनगंज, मधेपुरा, सहरसा, पूर्णिया और कटिहार शामिल हैं. मौसम पूर्वानुमान में इन जिलों में 12 सितंबर को कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना जताई गई है.
दक्षिण-पूर्व बिहार के जिले
दक्षिण-पूर्व बिहार में भागलपुर, बांका, जमुई, मुंगेर और खगड़िया जिले आते हैं. 12 सितंबर को इस क्षेत्र में भी कुछ स्थानों पर बारिश का अनुमान है और मौसम विभाग ने मेघ गर्जन, वज्रपात तथा 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे तक तेज हवा की संभावना बताई है.
12 सितंबर को बारिश का कैसा रहेगा हाल
राज्य के अलग-अलग हिस्सों में बारिश का वितरण एक जैसा नहीं रहेगा. उत्तर-पूर्व बिहार में 12 सितंबर को कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना है, जबकि दक्षिण-पूर्व बिहार में भी कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है. उत्तर-पश्चिम, उत्तर-मध्य, दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण-मध्य बिहार में इस दिन एक या दो स्थानों पर बारिश होने का अनुमान है.
इसका मतलब यह है कि 12 सितंबर को पूरे बिहार में लगातार बारिश की स्थिति नहीं होगी, बल्कि अलग-अलग इलाकों में स्थानीय स्तर पर बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं.
तापमान में बड़े बदलाव की संभावना नहीं
मौसम विभाग के अनुसार अगले 2-3 दिनों में बिहार के अधिकतर स्थानों पर अधिकतम तापमान में कोई खास बदलाव होने की संभावना नहीं है. वहीं अगले पांच दिनों के दौरान न्यूनतम तापमान में भी विशेष परिवर्तन की संभावना नहीं जताई गई है.
12 सितंबर को अलग-अलग मौसम क्षेत्रों में अधिकतम तापमान लगभग 32 से 36 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है. उत्तर-पूर्व बिहार में अधिकतम तापमान 32-34 डिग्री और न्यूनतम 26-28 डिग्री के आसपास रहने का अनुमान है. दक्षिण-पूर्व बिहार में अधिकतम तापमान 32-34 डिग्री और न्यूनतम 24-26 डिग्री रह सकता है.
मौसम खराब होने का क्या असर पड़ सकता है
मेघ गर्जन और वज्रपात की स्थिति में खुले मैदान, खेत, सड़क या जलाशय के आसपास मौजूद लोगों के लिए जोखिम बढ़ सकता है. तेज हवा के कारण कमजोर पेड़, अस्थायी ढांचे या बाहर रखी हल्की वस्तुएं प्रभावित हो सकती हैं. बारिश के दौरान स्थानीय स्तर पर जलजमाव की स्थिति भी बन सकती है.
मौसम विभाग ने विशेष रूप से बताया है कि मेघ गर्जन, वज्रपात और बारिश से जान-माल तथा पशुओं को नुकसान की संभावना हो सकती है. भारी बारिश की स्थिति में नदियों का जलस्तर बढ़ने और शहरों के निचले इलाकों में जलजमाव की समस्या भी सामने आ सकती है.
12 सितंबर को क्या सावधानी बरतें
अगर आपके इलाके में बादल गरज रहे हों या बिजली चमक रही हो तो खुले स्थान से तुरंत किसी पक्के मकान में चले जाएं. ऊंचे पेड़ों और बिजली के खंभों से दूरी बनाए रखें. बिजली से संचालित वस्तुओं से भी दूर रहना सुरक्षित है. खेत या खुले मैदान में मौजूद लोगों को मौसम बिगड़ते ही सुरक्षित जगह की ओर जाना चाहिए.
भारी बारिश होने पर नदियों और जलभराव वाले इलाकों के पास जाने से बचें. शहरों के निचले हिस्सों में रहने वाले लोग बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें और अचानक बाढ़ की आशंका वाले क्षेत्रों से दूरी बनाए रखें.
आगे भी बदल सकता है मौसम का मिजाज
मौसम विभाग के सात दिन के पूर्वानुमान में 13 सितंबर को बिहार के उत्तर-पश्चिम, उत्तर-मध्य, उत्तर-पूर्व और दक्षिण-पश्चिम हिस्सों में मेघ गर्जन और 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे तक तेज हवा की संभावना जताई गई है. 14 और 15 सितंबर को कोई चेतावनी नहीं है. इसके बाद 16 सितंबर को उत्तर-पश्चिम, उत्तर-मध्य और उत्तर-पूर्व बिहार में वज्रपात और तेज हवा के साथ दरभंगा, मधुबनी, सीतामढ़ी, सुपौल और पश्चिमी चंपारण में भारी बारिश की संभावना है. 17 सितंबर को राज्य के अधिकांश हिस्सों में मेघ गर्जन और तेज हवा के साथ अररिया, कटिहार, किशनगंज और पूर्णिया में भारी बारिश का अनुमान है.
यह भी पढ़ें- वाराणसी में बनेगी पहली गेटेड सिटी, VDA ने आनंद काशी योजना के लिए जारी किए हेल्पलाइन नंबर
FAQs
1. 12 सितंबर को बिहार में सबसे ज्यादा सावधानी किस बात को लेकर रखनी चाहिए?
सबसे ज्यादा सावधानी वज्रपात और तेज हवा को लेकर रखनी चाहिए, खासकर उत्तर-पूर्व और दक्षिण-पूर्व बिहार में.
2. अगर अचानक आसमान में तेज गरज शुरू हो जाए तो क्या करें?
खुले स्थान पर रहने के बजाय तुरंत किसी पक्के भवन में चले जाएं. पेड़, बिजली के खंभे और विद्युत संचालक वस्तुओं से दूरी रखें.
3. क्या 12 सितंबर को पूरे बिहार में भारी बारिश होगी?
नहीं. पूर्वानुमान के अनुसार बारिश का वितरण अलग-अलग रहेगा और कई क्षेत्रों में केवल एक या दो स्थानों पर बारिश की संभावना है.
4. किसानों को मौसम खराब होने पर क्या ध्यान रखना चाहिए?
खुले खेत में काम करने से बचें. गरज-चमक शुरू होने पर सुरक्षित स्थान पर जाएं और पेड़ों के नीचे खड़े न हों.
5. क्या 12 सितंबर के बाद भी मौसम में बदलाव जारी रहेगा?
हां. 13 सितंबर को कई हिस्सों में वज्रपात और तेज हवा की संभावना है, जबकि 16 और 17 सितंबर को कुछ जिलों में भारी बारिश का पूर्वानुमान भी जारी किया गया है.
स्रोत: भारत मौसम विज्ञान विभाग, मौसम विज्ञान केंद्र, पटना.


