देश में कौशल विकास और उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप युवाओं को तैयार करने की दिशा में केंद्र सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है. कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जयंत चौधरी ने प्रधानमंत्री स्किलिंग एंड एम्प्लॉयबिलिटी ट्रांसफॉर्मेशन थ्रू अपग्रेडेड ITIs (PM-SETU) योजना के तहत गुजरात के सूरत ITI क्लस्टर को मंजूरी देने की घोषणा की है.
यह परियोजना ArcelorMittal Nippon Steel India (AM/NS India) के नेतृत्व में लागू की जाएगी, जबकि NAMTECH इसका अकादमिक भागीदार होगा. लगभग ₹240 करोड़ की लागत वाली यह परियोजना देश में उद्योग-आधारित कौशल विकास के नए मॉडल के रूप में देखी जा रही है.
जयंत चौधरी ने क्या कहा?
सूरत ITI के दौरे के दौरान जयंत चौधरी ने कहा कि आज के समय में कौशल विकास का मॉडल तेजी से बदल रहा है.
उन्होंने कहा,
“आज की कक्षाओं को भविष्य की नौकरियों को ध्यान में रखकर तैयार किया जाना चाहिए. उद्योग अब केवल भर्ती करने वाले नहीं, बल्कि प्रतिभा निर्माण में साझेदार बन रहे हैं.”
उन्होंने बताया कि PM-SETU के माध्यम से ऐसे संस्थान विकसित किए जा रहे हैं जो भारत की विनिर्माण (Manufacturing) और नवाचार क्षमता को आने वाले दशकों तक मजबूती देंगे.
क्या है सूरत ITI क्लस्टर?
PM-SETU के तहत मंजूर किए गए इस क्लस्टर में Hub-and-Spoke Model अपनाया जाएगा.
हब संस्थान
- ITI Surat
स्पोक संस्थान
- ITI Surat (Women)
- ITI Hajira
- ITI Bardoli
- ITI Sachin
इन सभी संस्थानों को मिलाकर एक आधुनिक कौशल विकास नेटवर्क तैयार किया जाएगा, जिससे उद्योगों की बदलती आवश्यकताओं के अनुरूप प्रशिक्षण दिया जा सके.
किन क्षेत्रों पर रहेगा फोकस?
सूरत ITI क्लस्टर में भविष्य की औद्योगिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए कई आधुनिक क्षेत्रों में प्रशिक्षण दिया जाएगा.
मुख्य क्षेत्र होंगे.
- Advanced Manufacturing
- Steel Industry
- Engineering
- Process Industries
- Textile Sector
- Industry 4.0 Technologies
- Digital Manufacturing
- Smart Industrial Systems
इससे युवाओं को नई तकनीकों के अनुरूप रोजगार योग्य कौशल प्राप्त होंगे.
₹240 करोड़ से होगा व्यापक आधुनिकीकरण
परियोजना के तहत अगले पांच वर्षों में लगभग ₹240 करोड़ का निवेश किया जाएगा.
इस राशि से.
- आधुनिक प्रयोगशालाएं विकसित होंगी.
- नए वर्कशॉप स्थापित किए जाएंगे.
- स्मार्ट क्लासरूम बनाए जाएंगे.
- डिजिटल लर्निंग सिस्टम विकसित होंगे.
- पाठ्यक्रम को आधुनिक उद्योगों के अनुरूप अपडेट किया जाएगा.
- शिक्षकों का प्रशिक्षण कराया जाएगा.
- उद्योगों की भागीदारी के साथ संस्थानों का संचालन मजबूत किया जाएगा.
25,000 युवाओं को मिलेगा लाभ
सरकार के अनुसार इस परियोजना के माध्यम से.
- अगले पांच वर्षों में लगभग 25,000 प्रशिक्षुओं को प्रशिक्षण दिया जाएगा.
- 3,528 नई प्रशिक्षण सीटें जोड़ी जाएंगी.
- कई नए दीर्घकालिक (Long-Term) कोर्स शुरू किए जाएंगे.
- उद्योग आधारित अल्पकालिक (Short-Term) कार्यक्रम भी शुरू होंगे.
- अप्रेंटिसशिप और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे.
इससे गुजरात के युवाओं को आधुनिक उद्योगों में बेहतर रोजगार मिलने की संभावना बढ़ेगी.
AM/NS India की क्या होगी भूमिका?
देश की प्रमुख स्टील निर्माता कंपनियों में शामिल ArcelorMittal Nippon Steel India (AM/NS India) इस परियोजना की Anchor Industry Partner होगी.
कंपनी पहले से.
- Industry-Integrated Learning System
- Apprenticeship Programmes
- Industry 4.0 आधारित प्रशिक्षण
- Digital Skilling Platform
- शैक्षणिक संस्थानों के साथ साझेदारी
जैसी पहलें संचालित कर रही है.
कंपनी ने कहा कि यह परियोजना भविष्य के लिए कुशल मानव संसाधन तैयार करने के साथ स्थानीय युवाओं के रोजगार अवसर बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी.
क्या है PM-SETU योजना?
PM-SETU (Pradhan Mantri Skilling and Employability Transformation through Upgraded ITIs) केंद्र सरकार की प्रमुख कौशल विकास योजना है.
इस योजना का उद्देश्य.
- सरकारी ITI का आधुनिकीकरण
- उद्योगों की सक्रिय भागीदारी
- आधुनिक प्रशिक्षण अवसंरचना
- रोजगार क्षमता बढ़ाना
- भविष्य की तकनीकों के अनुरूप कौशल विकास
को बढ़ावा देना है.
पूरे कार्यक्रम का कुल बजट ₹60,000 करोड़ है.
सरकार का लक्ष्य.
- 1,000 ITI का उन्नयन
- 5 National Centres of Excellence (NCOEs) की स्थापना
करना है.
कौशल विकास में उद्योगों की बढ़ेगी भागीदारी
विशेषज्ञों का मानना है कि PM-SETU के तहत सूरत ITI क्लस्टर की मंजूरी उद्योग और शिक्षा संस्थानों के बीच सहयोग का मजबूत उदाहरण है.
इस मॉडल से.
- उद्योगों की जरूरत के अनुसार प्रशिक्षण मिलेगा.
- युवाओं की रोजगार क्षमता बढ़ेगी.
- आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण आसान होगा.
- स्थानीय उद्योगों को कुशल मानव संसाधन उपलब्ध होगा.
- भारत के कौशल विकास मिशन को नई गति मिलेगी.
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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
1. PM-SETU के तहत किस ITI क्लस्टर को मंजूरी मिली है?
गुजरात के सूरत ITI क्लस्टर को PM-SETU योजना के तहत मंजूरी दी गई है.
2. इस परियोजना में कितना निवेश होगा?
परियोजना पर अगले पांच वर्षों में लगभग ₹240 करोड़ खर्च किए जाएंगे.
3. इस परियोजना से कितने युवाओं को लाभ मिलेगा?
लगभग 25,000 प्रशिक्षुओं को प्रशिक्षण मिलेगा और 3,528 नई प्रशिक्षण सीटें जोड़ी जाएंगी.
4. PM-SETU योजना का उद्देश्य क्या है?
इस योजना का उद्देश्य सरकारी ITI को उद्योग-आधारित आधुनिक कौशल विकास केंद्रों में बदलना और युवाओं की रोजगार क्षमता बढ़ाना है.
Source: Ministry of Skill Development and Entrepreneurship


