Amroha News: उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले में औद्योगिक विकास को रोजगार से जोड़ने की दिशा में प्रदेश सरकार ने नई पहल शुरू की है. अमरोहा में ‘सरदार वल्लभभाई पटेल इंप्लाइमेंट एंड इंडस्ट्रीयल जोन’ स्थापित करने की तैयारी है. करीब 5 एकड़ जमीन में विकसित होने वाले इस जोन में उद्योगों की स्थापना के साथ युवाओं को प्रशिक्षण और रोजगार उपलब्ध कराने की व्यवस्था होगी.
गजरौला में जमीन की तलाश शुरू
औद्योगिक नगरी गजरौला को इस परियोजना के लिए प्राथमिकता दी जा रही है. प्रशासन ने जमीन की तलाश शुरू कर दी है. इसके लिए तहसील के राजस्व रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं. जमीन चिन्हित होते ही परियोजना को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी. सीडीओ एके मिश्र के मुताबिक, जिलाधिकारी के निर्देश पर एडीएम वित्त एवं राजस्व और सभी एसडीएम को जमीन चिन्हित करने के लिए कहा गया है.
अमरोहा में 4 हजार से ज्यादा औद्योगिक इकाइयां
अमरोहा में छोटी-बड़ी करीब 4 हजार औद्योगिक इकाइयां संचालित हैं. इनमें अकेले गजरौला क्षेत्र में 1500 से अधिक इकाइयां हैं. इन औद्योगिक इकाइयों से 80 हजार से ज्यादा मजदूर जुड़े हुए हैं. इसके बावजूद सरकार का लक्ष्य जिले में युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर तैयार करना है. सरकार नई औद्योगिक इकाइयों की स्थापना के साथ युवाओं को स्वरोजगार के लिए ऋण समेत अन्य सुविधाएं भी उपलब्ध करा रही है. अब प्रस्तावित इंडस्ट्रीयल जोन के जरिए उद्योग और रोजगार को एक ही व्यवस्था से जोड़ने की योजना है.
उद्योग, ट्रेनिंग और प्लेसमेंट एक ही परिसर में
सरकार की योजना के मुताबिक यह जोन इंटीग्रेटेड इंडस्ट्रीयल और इंप्लॉयमेंट इकोसिस्टम के रूप में काम करेगा. यानी एक ही परिसर में उद्योग, प्रशिक्षण और रोजगार से जुड़ी सेवाएं उपलब्ध कराने की कोशिश होगी. परियोजना के तहत युवाओं को स्किल ट्रेनिंग, प्लेसमेंट और उद्यमिता से जोड़ा जाएगा. सरकार की मंशा है कि प्रशिक्षण हासिल करने के बाद युवाओं को जिले में ही रोजगार या स्वरोजगार का अवसर मिल सके.
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युवाओं का पलायन रोकने पर जोर
इस परियोजना का एक बड़ा उद्देश्य युवाओं को रोजगार के लिए दूसरे शहरों में जाने से रोकना भी है. सरकार चाहती है कि ‘ट्रेनिंग लो और रोजगार पाओ’ की व्यवस्था जिले में ही तैयार हो, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ें और युवाओं का पलायन कम हो.


