Lucknow Kanpur Expressway Inauguration Date: उत्तर प्रदेश के बुनियादी ढांचे और औद्योगिक विकास को एक नई रफ्तार मिलने जा रही है. यूपी के बेहद महत्वाकांक्षी और बहुप्रतीक्षित लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे (National Expressway 6 – NE-6) का इंतजार अब खत्म हो गया है. आगामी 13 जुलाई को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह इस 63 किलोमीटर लंबे हाई-स्पीड कॉरिडोर का आधिकारिक तौर पर उद्घाटन करेंगे.इस एक्सप्रेसवे के शुरू होने से न केवल लखनऊ, उन्नाव और कानपुर के बीच कनेक्टिविटी मजबूत होगी, बल्कि यह इलाका यूपी के बड़े आर्थिक और औद्योगिक हब के रूप में उभरेगा.
डेढ़ घंटे का सफर अब सिर्फ 45 मिनट में
वर्तमान में लखनऊ और कानपुर के बीच NH-27 पर भारी ट्रैफिक के कारण यात्रा में करीब 1.5 से 2 घंटे का समय लगता है. इस 6 लेन एक्सेस-कंट्रोल्ड एक्सप्रेसवे (जिसे भविष्य में 8 लेन तक बढ़ाया जा सकता है) के शुरू होने के बाद, यह दूरी मात्र 35 से 45 मिनट में पूरी की जा सकेगी. इस परियोजना की एक और बड़ी खासियत यह है कि लखनऊ के अमौसी (स्कूटर इंडिया) के पास लगभग 13 किलोमीटर का हिस्सा एलिवेटेड रूट के रूप में तैयार किया गया है. साथ ही, इसके निर्माण में आधुनिक 3D ऑटोमेटेड ग्रेडिंग टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया गया है.
कई बड़े एक्सप्रेसवे से जुड़ेगा रूट
यह नया एक्सप्रेसवे यूपी के मौजूदा एक्सप्रेसवे नेटवर्क के लिए एक बड़े ‘कनेक्टर’ का काम करेगा, लखनऊ आउटर रिंग रोड के जरिए यह सीधे आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे से जुड़ेगा, जिससे कानपुर-उन्नाव बेल्ट से दिल्ली-एनसीआर तक का सफर बेहद आसान हो जाएगा. लखनऊ के शहीद पथ और किसान पथ के माध्यम से यह पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से लिंक होगा, जिससे औद्योगिक माल सीधे गाजीपुर, आजमगढ़ और पूर्वी यूपी तक पहुंच सकेगा. उन्नाव के पास यह एक्सप्रेसवे निर्माणाधीन गंगा एक्सप्रेसवे के इंटरचेंज को लिंक करेगा, जिससे मेरठ से लेकर प्रयागराज तक की कनेक्टिविटी मिलेगी. नेशनल हाईवे लिंक के जरिए यह अप्रत्यक्ष रूप से बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे से भी जुड़ेगा, जिससे चित्रकूट और बांदा की राह आसान होगी.
एक साइड के लगेंगे 275 रुपये
एक्सप्रेसवे पर सफर करने वाले सामान्य कार चालकों के लिए एक तरफ का टोल टैक्स 275 रुपये तय किया गया है. नियमित यात्रा करने वालों के लिए सालाना फास्टैग पास की सुविधा होगी, जो तुलनात्मक रूप से सस्ता पड़ेगा.
इस पूरे रूट पर 5 मुख्य टोल प्लाजा बनाए गए हैं.
मिरानपुर पिनवट
शिवपुरा, खांडेदेव
बनी (Bani)
अमरसास (उन्नाव-लालगंज मार्ग)
आजाद नगर (कानपुर सीमा के पास)
सुरक्षा और हाई-स्पीड मानकों को देखते हुए इस एक्सप्रेसवे पर टू-व्हीलर (दोपहिया) और थ्री-व्हीलर (तिपहिया) वाहनों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक रहेगी. टोल प्लाजा आधुनिक ऑटोमेटेड इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन सिस्टम (फास्टैग) से लैस हैं.
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डिफेंस कॉरिडोर और चमड़ा उद्योग को लगेंगे पंख
यह एक्सप्रेसवे यूपी डिफेंस कॉरिडोर के दो सबसे महत्वपूर्ण नोड्स – लखनऊ और कानपुर सेंटर्स को आपस में जोड़ेगा. इससे भारी उद्योगों, सेना के साजो-सामान के निर्माण और लॉजिस्टिक्स को भारी बूस्ट मिलेगा. इसके अलावा, कानपुर और उन्नाव के मशहूर चमड़ा (लेदर) उद्योग को देश-विदेश के बाजारों तक तेजी से माल पहुंचाने में मदद मिलेगी, जिससे रोजगार और निवेश के नए अवसर पैदा होंगे.


