नोएडा: नोएडा में रोजाना जाम से जूझने वाले हजारों लोगों के लिए राहत की खबर है. शहर में एक और बड़ा एलिवेटेड रोड बनाने की तैयारी शुरू हो गई है. करीब 5.49 किलोमीटर लंबा और 6 लेन वाला यह एलिवेटेड रोड सेक्टर-3 से सेक्टर-60 तक बनाया जाएगा. यह रास्ता कई प्रमुख सेक्टरों से होकर गुजरेगा और आगे ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद की तरफ जाने वाले वाहनों के लिए कनेक्टिविटी आसान करेगा. इस परियोजना की अलॉइनमेंट रिपोर्ट आईआईटी रुड़की ने तैयार कर नोएडा प्राधिकरण को सौंप दी है. अब इसी संस्थान को एलिवेटेड रोड की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट यानी DPR तैयार करनी है.
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कहां से शुरू होगा, कहां उतरेगा?
प्रस्तावित एलिवेटेड रोड सेक्टर-3 में रजनीगंधा अंडरपास के पास से शुरू होगा और सेक्टर-60 में ए ब्लॉक के सामने उतरेगा. पहले योजना इसे सेक्टर-57 चौराहे तक बनाने की थी, लेकिन सर्वे के दौरान सामने आया कि वहां एलिवेटेड रोड खत्म करने से सेक्टर-57 और 58 के सामने जाम की समस्या और बढ़ सकती है. इसी वजह से इसकी लंबाई आगे बढ़ाकर सेक्टर-60 तक करने का फैसला किया गया है. अधिकारियों के मुताबिक, इससे सिर्फ जाम से राहत ही नहीं मिलेगी बल्कि आगे के क्षेत्रों तक सीधी कनेक्टिविटी भी बेहतर होगी.
सेक्टर-73 से गाजियाबाद तक आसान होगा सफर
सेक्टर-60 में एलिवेटेड रोड से उतरने के बाद वाहन सेक्टर-73, 121, 59, 62 और 63 होते हुए गाजियाबाद की तरफ आसानी से जा सकेंगे. खास बात यह है कि इसी क्षेत्र के पास एमपी-2 मार्ग पर पहले से बना एलिवेटेड रोड भी गुजरता है. इससे नोएडा के अलग-अलग हिस्सों से आने वाले वाहनों को वैकल्पिक रास्ता मिलेगा और प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक का दबाव कम करने में मदद मिल सकती है.
आईआईटी ने किया सर्वे, दो महीने में DPR का लक्ष्य
एलिवेटेड रोड का अलॉइनमेंट तय करने से पहले आईआईटी रुड़की की टीम ने कई स्तर पर सर्वे किए. रिपोर्ट मिलने के बाद अब प्राधिकरण ने आईआईटी को करीब दो महीने में DPR तैयार करने के निर्देश दिए हैं. DPR में परियोजना की तकनीकी रूपरेखा, निर्माण से जुड़ी जरूरतें और दूसरे महत्वपूर्ण पहलुओं को अंतिम रूप दिया जाएगा.
शहर में दो एलिवेटेड रोड तैयार, तीसरे पर काम जारी
नोएडा में एलिवेटेड रोड का नेटवर्क धीरे-धीरे बढ़ रहा है. MP-2 रोड पर 2017 में पहला एलिवेटेड रोड तैयार हुआ था. इसके बाद नवंबर 2025 में DSC रोड पर भंगेल एलिवेटेड रोड शुरू किया गया. वहीं, चिल्ला एलिवेटेड रोड का काम अभी जारी है. अब सेक्टर-3 से सेक्टर-60 तक प्रस्तावित यह नया एलिवेटेड रोड शहर के ट्रैफिक नेटवर्क को एक और विकल्प देने की दिशा में अहम परियोजना हो सकता है.
दिवाली से पहले गौड़ चौक अंडरपास शुरू करने की तैयारी
उधर, ग्रेटर नोएडा वेस्ट में चार मूर्ति/गौड़ चौक पर बन रहे अंडरपास को भी दिवाली से पहले आम लोगों के लिए खोलने की तैयारी है. सिविल वर्क पूरा होने के बाद प्रवेश और निकास द्वार पर शेड लगाने का काम चल रहा है. जलभराव रोकने के लिए भी जरूरी इंतजाम किए जा रहे हैं. अधिकारियों के मुताबिक, फिलहाल अंडरपास में फिनिशिंग, लाइटिंग और सौंदर्यीकरण का काम बाकी है. इसे समय पर पूरा कर दिवाली से पहले चालू करने का लक्ष्य रखा गया है.
दो लाख से ज्यादा लोगों को मिल सकती है राहत
त्योहारों के दौरान ग्रेटर नोएडा वेस्ट में वाहनों का दबाव और बढ़ जाता है. ऐसे में गौड़ चौक अंडरपास शुरू होने से ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद के बीच आवाजाही आसान होने की उम्मीद है. गौड़ सिटी और उसके आसपास की सोसाइटियों में रहने वाले दो लाख से ज्यादा लोगों के लिए यह बड़ी राहत हो सकती है. अभी पीक टाइम में लोगों को लंबे जाम से गुजरना पड़ता है. अंडरपास शुरू होने के बाद इस रास्ते पर ट्रैफिक का दबाव कम होने की उम्मीद है.
यानी नोएडा और ग्रेटर नोएडा वेस्ट में एक साथ चल रहीं ये परियोजनाएं सिर्फ सड़क और पुल नहीं हैं, बल्कि रोज ऑफिस, स्कूल और जरूरी काम के लिए निकलने वाले लोगों के समय और सफर को आसान बनाने की कोशिश भी हैं.
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