UP Weather Alert: उत्तर प्रदेश में अप्रैल की शुरुआत के साथ ही मौसम ने करवट लेने के संकेत दे दिए हैं. मौसम विभाग की ताजा भविष्यवाणी ने प्रदेश के कई जिलों में चिंता बढ़ा दी है. विभाग ने 1 अप्रैल की सुबह 8:30 बजे तक (और इसके बाद भी जारी रहने की संभावना के साथ) भारी बारिश, गरज-चमक और वज्रपात को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है. खासकर पश्चिमी और मध्य उत्तर प्रदेश के जिलों में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदलने वाला है.
मौसम विभाग के अनुसार सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, बागपत, मेरठ, गाजियाबाद, हापुड़, गौतम बुद्ध नगर और बुलंदशहर में गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है. इन क्षेत्रों में कहीं-कहीं तेज बौछारें भी पड़ सकती हैं. इसके अलावा अलीगढ़, मथुरा, हाथरस, कासगंज, एटा, आगरा, फिरोजाबाद, मैनपुरी, इटावा, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, संभल और बदायूं जैसे जिलों में भी बारिश के साथ वज्रपात का खतरा बना हुआ है. विभाग ने इन सभी इलाकों के लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है, क्योंकि बिजली गिरने की घटनाएं जानलेवा साबित हो सकती हैं.

बारिश के साथ-साथ तेज हवाएं भी मौसम को प्रभावित करेंगी. मौसम विभाग का अनुमान है कि गौतम बुद्ध नगर, बुलंदशहर, अलीगढ़, मथुरा, हाथरस, कासगंज, एटा, आगरा, फिरोजाबाद, संभल और बदायूं में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं. इन हवाओं के कारण वातावरण में धूल भी उड़ सकती है, जिससे दृश्यता प्रभावित होने की आशंका है. हालांकि, इन तेज हवाओं और बारिश के चलते तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है, जिससे लोगों को गर्मी से अस्थायी राहत मिलेगी.
मौसम में इस बदलाव का असर आम जनजीवन के साथ-साथ कृषि क्षेत्र पर भी पड़ सकता है. जहां एक ओर बारिश से कुछ फसलों को फायदा मिल सकता है, वहीं तेज हवाओं और वज्रपात से खड़ी और कटी हुई फसलों को नुकसान पहुंचने का खतरा भी बना हुआ है. इसलिए किसानों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है.
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येलो अलर्ट को देखते हुए मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है. खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचने, सुरक्षित स्थानों पर रहने और विशेष रूप से वज्रपात के समय पेड़ों, बिजली के खंभों या खुले मैदान में खड़े न रहने की हिदायत दी गई है. वहीं किसानों को अपनी कटी हुई फसल को सुरक्षित स्थान पर रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि संभावित नुकसान से बचा जा सके.


