UP News: उत्तर प्रदेश में सड़क कनेक्टिविटी को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया जा रहा है. हरदोई से उन्नाव होते हुए प्रयागराज तक जाने वाला स्टेट हाईवे संख्या-38 अब जल्द ही राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) का दर्जा पा सकता है. इस संबंध में प्रशासनिक प्रक्रिया औपचारिक रूप से शुरू हो चुकी है, जिससे क्षेत्रीय यातायात व्यवस्था में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा.
फोरलेन बनाने की तैयारी
योजना के तहत इस मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग घोषित कर चरणबद्ध तरीके से फोरलेन में विकसित किया जाएगा. बिलग्राम से उन्नाव के बीच इस मार्ग की लंबाई लगभग 90 किलोमीटर है. यह सड़क हरदोई, उन्नाव, रायबरेली होते हुए प्रयागराज तक महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग का कार्य करती है. हाल ही में चौड़ीकरण प्रस्ताव को व्यय वित्त समिति से मंजूरी भी मिल चुकी है.
पहले चरण में 15 किमी सड़क का चौड़ीकरण
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पहले चरण में उन्नाव जिले के दोस्तीनगर तिराहे से चकलवंशी तक करीब 15 किलोमीटर सड़क को चौड़ा किया जाएगा. इस पर लगभग 42 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. वर्तमान में सात मीटर चौड़ी सड़क को बढ़ाकर 10 मीटर किया जाएगा, जिससे यातायात अधिक सुरक्षित और सुगम हो सके.
इन जिलों को मिलेगा सीधा फायदा
राष्ट्रीय राजमार्ग बनने के बाद कानपुर से आने वाले वाहन चालक दोस्तीनगर बाईपास के जरिए सीधे हरदोई पहुंच सकेंगे. इससे लखनऊ, बाराबंकी और रायबरेली की यात्रा भी आसान हो जाएगी. बिठूर-परियर रोड से आने वाले वाहन चकलवंशी चौराहे के माध्यम से हरदोई, हसनगंज और लखनऊ की ओर आसानी से जा सकेंगे. वहीं लखनऊ से चलने वाले यात्री इस मार्ग से हरदोई, उन्नाव, कानपुर और आगे प्रयागराज तक तेजी से पहुंच पाएंगे.
व्यापार और उद्योग को मिलेगी रफ्तार
मार्ग के राष्ट्रीय राजमार्ग में बदलने से क्षेत्रीय व्यापार, औद्योगिक गतिविधियों और आर्थिक विकास को नई गति मिलने की उम्मीद है. बेहतर कनेक्टिविटी से माल परिवहन आसान होगा और स्थानीय बाजारों को बड़ा लाभ मिलेगा.
प्रशासनिक प्रक्रिया शुरू
इस मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग घोषित कराने के लिए उत्तर प्रदेश लोक निर्माण विभाग, लखनऊ के प्रमुख अभियंता (विकास) एवं विभागाध्यक्ष को पत्र भेजा गया था. सांसद के पत्र पर संज्ञान लेते हुए प्रमुख अभियंता कार्यालय ने मुख्य अभियंता, प्रयागराज मध्य क्षेत्र समेत संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश जारी कर दिए हैं. इसके बाद बिलग्राम-उन्नाव-प्रयागराज मार्ग को एनएच घोषित किए जाने की प्रक्रिया आधिकारिक रूप से शुरू हो गई है. अगर यह परियोजना समयबद्ध तरीके से पूरी होती है, तो हरदोई, उन्नाव, रायबरेली और प्रयागराज के लाखों लोगों को सीधे तौर पर इसका लाभ मिलेगा और प्रदेश की सड़क कनेक्टिविटी एक नया आयाम हासिल करेगी.


