केंद्र सरकार की आयुष्मान भारत – प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (PM-JAY) के तहत देश के पात्र परिवारों को प्रतिवर्ष ₹5 लाख तक का कैशलेस और मुफ्त इलाज प्रदान किया जाता है. लेकिन कई बार गंभीर बीमारी या इमरजेंसी के समय जब लोग आयुष्मान पोर्टल पर अपना नाम ढूंढते हैं, तो उनका नाम लाभार्थी सूची (Beneficiary List) में नहीं मिलता.
यदि आपका या आपके परिवार का नाम SECC 2011 की पुरानी लिस्ट में शामिल नहीं है, तब भी आप सरकार के नए नियमों और विकल्पों का उपयोग करके इस ₹5 लाख के मुफ्त स्वास्थ्य कवर का लाभ उठा सकते हैं.
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- पात्र राशन कार्ड (Ration Card / Family ID) के माध्यम से कार्ड बनवाएं
सरकार ने आयुष्मान योजना के दायरे को बढ़ाते हुए इसे राशन कार्ड से जोड़ दिया है. कई राज्यों (जैसे उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, हरियाणा, बिहार आदि) में नियम बनाया गया है कि जिन परिवारों के पास लाल/गुलाबी राशन कार्ड (Antyodaya) या 6 से अधिक सदस्यों वाला पात्र गृहस्थी (Priority Household) राशन कार्ड है, उन्हें आयुष्मान कार्ड के योग्य माना जाएगा.
• क्या करें: अपने राज्य के Beneficiary Portal (beneficiary.nha.gov.in) या नजदीकी CSC (जन सेवा केंद्र) पर जाएं.
• अपना राशन कार्ड नंबर या फैमिली आईडी दर्ज करके सर्च करें.
• यदि आपका राशन कार्ड डेटाबेस में मैप्ड है, तो आपका नाम तुरंत स्क्रीन पर आ जाएगा और आप ई-केवाईसी (e-KYC) करके तुरंत आयुष्मान कार्ड जनरेट कर सकते हैं. - परिवार के सदस्य के कार्ड से नाम जुड़वाएं (Add Family Member)
यदि आपके परिवार में किसी भी एक व्यक्ति (जैसे माता-पिता, पति या पत्नी) का आयुष्मान कार्ड पहले से बना हुआ है और लिस्ट में सिर्फ आपका नाम छूट गया है, तो आपको पूरी नई लिस्ट में नाम ढूंढने की जरूरत नहीं है.
प्रक्रिया: आयुष्मान ऐप (PMJAY App) या पोर्टल पर जाकर ‘Add Member’ विकल्प का चयन करें.
• परिवार के मुख्य लाभार्थी का आयुष्मान कार्ड नंबर दर्ज करें.
• नए सदस्य का आधार कार्ड और सम्बंध प्रमाण पत्र (जैसे जन्म प्रमाण पत्र, मैरिज सर्टिफिकेट या राशन कार्ड) अपलोड करें.
• ई-केवाईसी पूरा होते ही नया नाम फैमिली ट्री में जुड़ जाएगा और नया आयुष्मान कार्ड जारी हो जाएगा. - वरिष्ठ नागरिकों (70 वर्ष या उससे अधिक) के लिए विशेष नियम
केंद्र सरकार ने 70 वर्ष और उससे अधिक आयु के सभी बुजुर्गों के लिए आयुष्मान योजना के दरवाजे पूरी तरह खोल दिए हैं. इसके लिए किसी भी आय सीमा या पुरानी बीपीएल लिस्ट में नाम होने की बाध्यता खत्म कर दी गई है.
• लाभ: यदि आपके घर में कोई 70 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्ग हैं, तो उनका नाम किसी लिस्ट में न होने पर भी सीधे आधार कार्ड के जरिए नया आयुष्मान कार्ड बन जाएगा.
• कवरेज: इस कार्ड पर परिवार से अलग केवल बुजुर्गों के इलाज के लिए ₹5 लाख का अतिरिक्त टॉप-अप कवर मिलता है.
• आवेदन: केवल आधार कार्ड और आधार से लिंक मोबाइल नंबर की मदद से पोर्टल या ऐप से खुद रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं.
- राज्य स्वास्थ्य योजनाओं और ‘मुख्यमंत्री राहत कोष’ का लाभ लें
यदि आप आयुष्मान भारत की प्राथमिक पात्रता श्रेणियों (दिहाड़ी मजदूर, भूमिहीन, असंगठित क्षेत्र के श्रमिक) में आते हैं, लेकिन पोर्टल पर नाम नहीं है:
• स्टेट हेल्थ स्कीम: कई राज्य अपनी अलग स्वास्थ्य बीमा योजनाएं चलाते हैं (जैसे राजस्थान में चिरंजीवी/आरजीएचएस, महाराष्ट्र में महात्मा ज्योतिराव फुले योजना, यूपी में मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना). इन योजनाओं में राशन कार्ड या आय प्रमाण पत्र के आधार पर सीधे अस्पताल के आयुष्मान मित्र (Ayushman Mitra) की मदद से ऑन-द-स्पॉट कार्ड बन जाता है.
• इमरजेंसी में अस्पताल के ‘आयुष्मान मित्र’ से मिलें: किसी भी एम्पैनेल्ड (सूचीबद्ध) सरकारी या बड़े प्राइवेट अस्पताल में ‘आयुष्मान मित्र’ का हेल्पडेस्क होता है. आपातकालीन स्थिति में अपने सभी दस्तावेज (आधार, राशन कार्ड, आय प्रमाण पत्र) लेकर उनसे संपर्क करें. वे आपके दस्तावेजों की जांच करके राज्य इमरजेंसी कोटे से अप्रूवल दिला सकते हैं.
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जरूरी हेल्पलाइन और सावधानियां
- हेल्पलाइन नंबर पर जांच करें: किसी भी भ्रम की स्थिति में राष्ट्रीय टोल-फ्री नंबर 14555 या 1800-11-4477 पर कॉल करके अपने आधार या मोबाइल नंबर से अपनी पात्रता री-चेक कराएं.
- ओपीडी और सामान्य जांच कवर नहीं: ध्यान रखें कि आयुष्मान कार्ड का इस्तेमाल केवल अस्पताल में भर्ती (In-patient) होकर इलाज कराने पर ही होता है, सामान्य ओपीडी या दवाइयों की दुकान पर यह लागू नहीं होता.
- दलालों से बचें: आयुष्मान लिस्ट में नाम जोड़ने के नाम पर पैसे मांगने वाले फर्जी एजेंटों से सावधान रहें. यह सरकारी प्रक्रिया पूरी तरह नि:शुल्क है.


